रेत के टीले की एक शैली
बर्खान वास्तव में रेत के टीले का एक प्रकार है। इसकी विशेषता इसका अर्धचंद्राकार आकार है और यह शुष्क रेगिस्तानी क्षेत्रों में पाया जाता है। यह हवा की दिशा में उत्तल रूप में स्थित होता है। बर्खान स्थिर नहीं होते बल्कि प्रमुख हवा की दिशा के कारण स्थानांतरित और परिवर्तित होते रहते हैं। यह हवा की क्रिया इनके विशिष्ट आकार और निरंतर गति में योगदान देती है जिससे रेगिस्तानी स्थलाकृति की गतिशीलता का पता चलता है।
This Question is Also Available in:
Englishಕನ್ನಡ