झारखंड की राजकीय भाषा हिंदी है, जबकि अंगिका, बंगाली, भोजपुरी, हो, खड़िया, खोरठा, कुरमाली, कुरुख, मगही, मैथिली, मुंडारी, नागपुरी, ओड़िया, संथाली और उर्दू सहित कई भाषाओं को द्वितीय राजकीय भाषा का दर्जा प्राप्त है। अतः बंगाली, मुंडारी और मैथिली—तीनों झारखंड की द्वितीय राजकीय भाषाएँ हैं।
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