Q. ऋग्वैदिक काल के दौरान, आयस शब्द का अर्थ किससे था __?
Answer: लोहा या तांबा
Notes: उत्तर वैदिक काल में आर्य संस्कृति के विस्तार का मुख्य कारण 1000 ईसा पूर्व के आसपास लोहे का परिचय था। ऋग्वैदिक लोग आयस नामक धातु को जानते थे, जो तांबा या कांसा था। उत्तर वैदिक साहित्य में आयस को श्याम या कृष्ण के साथ जोड़ा गया, जिसका अर्थ काला होता है, और यह लोहे का प्रतीक था। पुरातत्व से पता चला है कि 1000 ईसा पूर्व के आसपास लोहा इस्तेमाल होने लगा था, जो उत्तर वैदिक साहित्य का भी समय है।
Question Source: 📚यह प्रश्न GKToday के "40000+ सामान्य ज्ञान / सामान्य अध्ययन प्रश्नोत्तरी- एसएससी और राज्य PCS परीक्षाओं के लिए" ऐप एक्सक्लूसिव कोर्स से लिया गया है, जो GKToday एंड्रॉइड एप्लिकेशन में उपलब्ध है। इस कोर्स में भारत की सभी प्रतियोगी परीक्षाओं में पूछे गए 40,000 से अधिक सामान्य ज्ञान और सामान्य अध्ययन के प्रश्नों संकलन अध्यायवार रूप से दिया गया है। Download the app here.

This Question is Also Available in:

Englishಕನ್ನಡ