उत्तर प्रदेश ने शुरू की मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना

उत्तर प्रदेश ने शुरू की मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना

उत्तर प्रदेश सरकार ने 8 जुलाई 2026 को वाराणसी में मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना (मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा स्कीम) का शुभारंभ किया। इस योजना का उद्देश्य राज्य के शिक्षकों, शिक्षणेत्तर कर्मचारियों तथा उनके आश्रितों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं बिना नकद भुगतान के उपलब्ध कराना है। यह पहल शिक्षा विभाग के कर्मचारियों के लिए सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने और स्वास्थ्य संबंधी आर्थिक बोझ को कम करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

योजना का दायरा और लाभार्थी

यह योजना उत्तर प्रदेश के बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले सरकारी, सहायता प्राप्त तथा अनुदानित विद्यालयों के लगभग 12 से 15 लाख लाभार्थियों को कवर करेगी। इसके अंतर्गत शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मचारी, शिक्षा मित्र, अनुदेशक, रसोइये तथा कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों के कर्मचारी भी शामिल हैं। प्रत्येक परिवार को प्रतिवर्ष 5 लाख रुपये तक की कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध होगी। लाभार्थी सरकारी अस्पतालों के साथ-साथ सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में भी उपचार प्राप्त कर सकेंगे।

योजना का वित्तपोषण और क्रियान्वयन

मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का पूरा वार्षिक प्रीमियम उत्तर प्रदेश सरकार वहन करेगी। इस योजना के लिए अनुमानित वार्षिक प्रीमियम लगभग 447 करोड़ रुपये है, जो प्रति शिक्षक औसतन लगभग 3,000 रुपये प्रतिवर्ष बैठता है। योजना के प्रभावी संचालन और समन्वय की जिम्मेदारी स्टेट एजेंसी फॉर कॉम्प्रिहेंसिव हेल्थ एंड इंटीग्रेटेड सर्विसेज (SACHIS) को सौंपी गई है। यह योजना केंद्र सरकार की आयुष्मान भारत स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के मॉडल पर आधारित है।

सामाजिक सुरक्षा की अतिरिक्त पहल

योजना के शुभारंभ के अवसर पर बेसिक शिक्षा विभाग और भारतीय स्टेट बैंक के बीच एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) भी किया गया। इसके माध्यम से लगभग 10 लाख शिक्षकों एवं संविदा कर्मचारियों को समूह जीवन बीमा, व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा तथा दिव्यांगता बीमा जैसी सामाजिक सुरक्षा सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। कार्यक्रम के दौरान 15 लाभार्थियों, जिनमें शिक्षक, शिक्षा मित्र, अनुदेशक और रसोइये शामिल थे, को कैशलेस चिकित्सा कार्ड वितरित किए गए। इसके अतिरिक्त, राज्य सरकार ने शिक्षकों, शिक्षा मित्रों और अनुदेशकों के लिए 1 करोड़ रुपये तक का आजीवन बीमा कवर देने की भी घोषणा की, जिसका पूरा प्रीमियम सरकार स्वयं वहन करेगी।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • आयुष्मान भारत भारत सरकार की राष्ट्रीय स्वास्थ्य सुरक्षा योजना है, जिसकी शुरुआत वर्ष 2018 में हुई थी।
  • SACHIS का पूर्ण रूप State Agency for Comprehensive Health and Integrated Services है।
  • भारतीय स्टेट बैंक (SBI) देश का सबसे बड़ा सार्वजनिक क्षेत्र का बैंक है।
  • कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय ग्रामीण एवं वंचित वर्ग की बालिकाओं के लिए संचालित आवासीय विद्यालय हैं।

मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना उत्तर प्रदेश के शिक्षा क्षेत्र से जुड़े कर्मचारियों को बेहतर स्वास्थ्य सुरक्षा और सामाजिक संरक्षण प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। कैशलेस उपचार, व्यापक बीमा सुविधाएं और सरकारी वित्तपोषण इस योजना को शिक्षकों एवं उनके परिवारों के लिए अत्यंत लाभकारी बनाते हैं। साथ ही, यह राज्य में शिक्षा और स्वास्थ्य सुरक्षा दोनों क्षेत्रों को सशक्त बनाने की दिशा में एक उल्लेखनीय कदम है।

Originally written on July 10, 2026 and last modified on July 10, 2026.

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