237 दिन बाद लौटा क्रू-12, अंतरिक्ष स्वास्थ्य अनुसंधान को मिली नई जानकारी

237 दिन बाद लौटा क्रू-12, अंतरिक्ष स्वास्थ्य अनुसंधान को मिली नई जानकारी

नासा और स्पेसएक्स के क्रू-12 अंतरिक्ष यात्री 8 अक्टूबर 2026 को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) पर 237 दिन बिताने के बाद पृथ्वी लौटे। उनका ड्रैगन फ्रीडम यान लॉस एंजिलिस के तट से दूर प्रशांत महासागर में सुबह 8:34 बजे उतरा। इस दौरान दल ने पृथ्वी की 3,792 से अधिक परिक्रमाएं कीं और 10 करोड़ मील से अधिक दूरी तय की।

चार देशों के अंतरिक्ष यात्रियों का दल

क्रू-12 में नासा के जेसिका मीर और जैक हैथवे, यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी की सोफी अडेनोट तथा रूस की अंतरिक्ष एजेंसी रोसकॉसमॉस के आंद्रे फेदयेव शामिल थे। मिशन 13 फरवरी 2026 को रवाना हुआ था और अगले दिन आईएसएस से जुड़ गया था। मीर और फेदयेव पहले भी अंतरिक्ष यात्रा कर चुके थे, जबकि हैथवे और अडेनोट का यह पहला अंतरिक्ष अभियान था।

समुद्र में उतरने के बाद स्पेसएक्स की पुनर्प्राप्ति टीम ने कैप्सूल और दल को सुरक्षित बाहर निकाला। अंतरिक्ष यात्रियों की चिकित्सकीय जांच के बाद उन्हें ह्यूस्टन स्थित नासा के जॉनसन अंतरिक्ष केंद्र ले जाया गया।

सूक्ष्म गुरुत्व में स्वास्थ्य से जुड़े प्रयोग

आईएसएस पर दल ने मानव स्वास्थ्य और भविष्य के लंबी अवधि वाले अंतरिक्ष अभियानों से जुड़े कई अध्ययन किए। इनमें अंतरिक्ष में स्टेम कोशिकाएं तैयार करना, जरूरत पड़ने पर नसों में दिए जाने वाले द्रव बनाने की तकनीक विकसित करना और निमोनिया पैदा करने वाले जीवाणुओं के हृदय पर संभावित प्रभावों की जांच शामिल थी। पोषण और अंतरिक्ष उड़ान के दौरान रक्त प्रवाह को प्रभावित करने वाले कारकों पर भी शोध हुआ।

पृथ्वी से दूर लंबे अभियानों में सामान की नियमित आपूर्ति सीमित हो सकती है। ऐसे में जरूरत के समय चिकित्सकीय द्रव तैयार करने की तकनीक दल के स्वास्थ्य प्रबंधन में उपयोगी हो सकती है। सूक्ष्म गुरुत्व में शरीर पर पड़ने वाले प्रभावों का अध्ययन चंद्रमा और मंगल जैसे लक्ष्यों की ओर भविष्य के मानव अभियानों की तैयारी में भी मदद कर सकता है।

महिला अंतरिक्ष यात्रियों की स्पेसवॉक उपलब्धि

अंतरिक्ष यान या स्टेशन के बाहर अंतरिक्ष सूट पहनकर किया जाने वाला काम अतिरिक्त-यान गतिविधि कहलाता है। इसे सामान्यतः स्पेसवॉक भी कहा जाता है। मीर ने इस मिशन में चार स्पेसवॉक किए और अपने करियर में कुल सात स्पेसवॉक पूरे किए। नासा की महिला अंतरिक्ष यात्रियों में इस मामले में वह पैगी व्हिटसन और सुनी विलियम्स के बाद तीसरे स्थान पर हैं।

सोफी अडेनोट ने तीन स्पेसवॉक किए और आईएसएस के बाहर स्पेसवॉक करने वाली पहली फ्रांसीसी महिला बनीं। यह उपलब्धि अंतरिक्ष अभियानों में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी को भी रेखांकित करती है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पृथ्वी की निम्न कक्षा में स्थित एक स्थायी रूप से मानव-संचालित अनुसंधान प्रयोगशाला है।
  • सूक्ष्म गुरुत्व में किए गए प्रयोगों से जैविक और भौतिक प्रक्रियाओं का पृथ्वी की परिस्थितियों से अलग वातावरण में अध्ययन किया जाता है।
  • अंतरिक्ष यान या स्टेशन के बाहर किया जाने वाला काम औपचारिक रूप से अतिरिक्त-यान गतिविधि कहलाता है।
  • यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी अंतरिक्ष गतिविधियों के लिए कार्यरत एक अंतर-सरकारी संगठन है।

क्रू-12 का मिशन अंतरिक्ष अनुसंधान और मानव स्वास्थ्य की तैयारी के बीच संबंध को सामने लाता है। इसके प्रयोगों से मिली जानकारी भविष्य के अधिक दूरगामी मानव अंतरिक्ष अभियानों के लिए उपयोगी हो सकती है।

Originally written on October 10, 2026 and last modified on October 10, 2026.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *