साउथ कोस्ट रेलवे जोन 1 जून 2026 से होगा संचालित
भारतीय रेलवे के इतिहास में 1 जून 2026 एक महत्वपूर्ण दिन के रूप में दर्ज होने जा रहा है, क्योंकि इसी दिन साउथ कोस्ट रेलवे (एससीओआर) जोन आधिकारिक रूप से संचालन शुरू करेगा। आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम में मुख्यालय वाले इस नए रेलवे जोन के गठन से भारतीय रेलवे का 18वां जोन अस्तित्व में आएगा। यह जोन आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, 2014 से जुड़ी व्यवस्थाओं के तहत कार्य करेगा और राज्य में रेलवे प्रशासन को अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
साउथ कोस्ट रेलवे जोन का गठन
साउथ कोस्ट रेलवे जोन का गठन केंद्र सरकार द्वारा 4 मई 2026 को जारी राजपत्र अधिसूचना के माध्यम से औपचारिक रूप से किया गया। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 28 अप्रैल 2026 को इसकी संचालन तिथि की पुष्टि की थी। इस नए जोन के गठन का उद्देश्य आंध्र प्रदेश में रेलवे प्रबंधन को बेहतर बनाना और प्रशासनिक कार्यों को अधिक सुव्यवस्थित करना है।
प्रशासनिक ढांचा और रेल मंडल
नए रेलवे जोन में कुल चार मंडल शामिल किए गए हैं। इनमें दक्षिण मध्य रेलवे से विजयवाड़ा, गुंटूर और गुंटकल मंडल को स्थानांतरित किया गया है, जबकि विशाखापत्तनम मंडल को नए रूप में गठित किया गया है। विशाखापत्तनम मंडल का पुनर्गठन पूर्वी तट रेलवे के पुराने वाल्टेयर मंडल के एक हिस्से से किया गया है। इससे पूरे क्षेत्र में रेलवे प्रशासन को एकीकृत स्वरूप मिलेगा।
रेल नेटवर्क और क्षेत्राधिकार
साउथ कोस्ट रेलवे जोन के अंतर्गत लगभग 3,532 किलोमीटर लंबा रेल नेटवर्क आएगा। इसके अधिकार क्षेत्र में 385 रेलवे स्टेशन होंगे। इतना व्यापक नेटवर्क इसे देश के महत्वपूर्ण रेलवे जोनों में शामिल करता है। यह जोन माल परिवहन, यात्री सेवाओं और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करने में महत्वपूर्ण योगदान देगा।
मुख्यालय और आधारभूत संरचना
साउथ कोस्ट रेलवे का स्थायी मुख्यालय विशाखापत्तनम के मुदासरलोवा क्षेत्र में बनाया जा रहा है। प्रस्तावित भवन 12 मंजिला होगा और इसकी अनुमानित लागत 183 करोड़ रुपये है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 8 जनवरी 2025 को इस परियोजना की आधारशिला रखी थी। स्थायी भवन के निर्माण तक जोन का संचालन सिरीपुरम स्थित विशाखापत्तनम मेट्रोपॉलिटन रीजन डेवलपमेंट अथॉरिटी के ‘द डेक’ भवन से किया जाएगा।
नया लोगो और अन्य महत्वपूर्ण पहलू
साउथ कोस्ट रेलवे के गठन के बाद भारतीय रेलवे ने 27 मई 2026 को नया 18-स्टार लोगो जारी किया। यह लोगो भारतीय रेलवे के 18 जोनों का प्रतिनिधित्व करता है। नए जोन के गठन से आंध्र प्रदेश के चार प्रमुख मंडल एक ही प्रशासनिक इकाई के अंतर्गत आ गए हैं, जिससे संचालन और समन्वय में सुधार की उम्मीद है।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
” भारतीय रेलवे का प्रशासन रेलवे जोनों और मंडलों के माध्यम से संचालित किया जाता है। ” साउथ कोस्ट रेलवे भारत का 18वां रेलवे जोन है। ” विशाखापत्तनम को सामान्यतः ‘विजाग’ के नाम से भी जाना जाता है और यह पूर्वी तट का प्रमुख बंदरगाह शहर है। ” वाल्टेयर मंडल लंबे समय से पूर्वी तटीय क्षेत्र के रेलवे प्रशासन का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है। * भारतीय रेलवे विश्व के सबसे बड़े रेल नेटवर्कों में से एक है। साउथ कोस्ट रेलवे जोन का संचालन शुरू होना आंध्र प्रदेश के रेलवे विकास के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। इससे क्षेत्रीय कनेक्टिविटी, प्रशासनिक दक्षता और यात्री सुविधाओं में सुधार की संभावनाएं बढ़ेंगी। साथ ही यह कदम भारतीय रेलवे के आधुनिकीकरण और विस्तार की दिशा में एक और महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ता है।