राम नाथ कोविंद की आत्मकथा से सामने आएगा सार्वजनिक जीवन का सफर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली के विज्ञान भवन में भारत के 14वें राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद की आत्मकथा का विमोचन किया। यह पुस्तक उनके जीवन, संघर्ष, सार्वजनिक सेवा और संवैधानिक पद तक पहुंचने की यात्रा को सामने लाती है। आत्मकथा का शीर्षक प्रमुख संदर्भों में Triumph of the Indian Republic: My Life, My Struggles बताया गया है, जबकि कुछ जगहों पर इसका थोड़ा अलग रूप भी दर्ज किया गया है।
विज्ञान भवन में हुआ विमोचन
विज्ञान भवन देश की राजधानी का एक प्रमुख सरकारी सम्मेलन स्थल है, जहां राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम, आधिकारिक समारोह और नीति-सम्बंधी बैठकें आयोजित होती हैं। दिल्ली स्थित प्रेस सूचना ब्यूरो ने इस पुस्तक विमोचन कार्यक्रम को 12 अगस्त 2026 की सुबह 9:30 बजे के लिए निर्धारित किया था। ऐसे आयोजनों में अक्सर देश के शीर्ष संवैधानिक पदों पर रहे व्यक्तियों के अनुभवों को सार्वजनिक रूप से साझा किया जाता है।
राम नाथ कोविंद का सार्वजनिक जीवन
राम नाथ कोविंद ने 25 जुलाई 2017 से 25 जुलाई 2022 तक भारत के 14वें राष्ट्रपति के रूप में कार्य किया। राष्ट्रपति बनने से पहले वे 2015 से 2017 तक बिहार के राज्यपाल रहे। उनका राजनीतिक और प्रशासनिक जीवन संवैधानिक मर्यादाओं, सामाजिक पृष्ठभूमि और सार्वजनिक सेवा के अनुभवों से जुड़ा रहा है, इसलिए उनकी आत्मकथा को एक महत्वपूर्ण दस्तावेज माना जा रहा है।
आत्मकथा क्यों महत्वपूर्ण मानी जाती है
आत्मकथा साहित्य की वह विधा है जिसमें कोई व्यक्ति अपने जीवन का विवरण स्वयं लिखता है। इसमें सामान्यतः बचपन, शिक्षा, संघर्ष, पेशेवर जीवन, सार्वजनिक जिम्मेदारियां और निर्णायक घटनाएं शामिल होती हैं। किसी पूर्व राष्ट्रपति की आत्मकथा केवल निजी जीवन का लेखा-जोखा नहीं होती, बल्कि उसमें शासन, संवैधानिक अनुभव और समकालीन राजनीतिक-सामाजिक संदर्भ भी झलकते हैं।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- राम नाथ कोविंद भारत के 14वें राष्ट्रपति रहे हैं।
- उन्होंने 25 जुलाई 2017 से 25 जुलाई 2022 तक राष्ट्रपति पद संभाला।
- राष्ट्रपति बनने से पहले वे 2015 से 2017 तक बिहार के राज्यपाल रहे।
- विज्ञान भवन नई दिल्ली के सबसे प्रसिद्ध सरकारी सम्मेलन स्थलों में से एक है।
- प्रेस सूचना ब्यूरो भारत सरकार की प्रमुख मीडिया संचार एजेंसी है।
इस आत्मकथा के विमोचन के साथ राम नाथ कोविंद के जीवन और सार्वजनिक सेवा से जुड़े अनुभव अब पाठकों के लिए एक औपचारिक और संकलित रूप में उपलब्ध होंगे।