भारत में तैयार हुआ पहला स्वदेशी असेंबल्ड एयरबस सी-295 विमान

भारत में तैयार हुआ पहला स्वदेशी असेंबल्ड एयरबस सी-295 विमान

भारत ने रक्षा विनिर्माण क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए पहला घरेलू रूप से असेंबल्ड एयरबस सी-295 सैन्य परिवहन विमान तैयार कर लिया है। यह विमान 17 मई 2026 को गुजरात के वडोदरा स्थित टाटा-एयरबस संयंत्र में तैयार हुआ और अब उड़ान परीक्षण के लिए तैयार है। यह परियोजना भारतीय वायुसेना के लिए सितंबर 2021 में किए गए 56 विमानों के समझौते का हिस्सा है।

सी-295 कार्यक्रम और मेक इन इंडिया

भारत में एयरबस सी-295 कार्यक्रम “मेक इन इंडिया” पहल के तहत संचालित किया जा रहा है। इस समझौते के अनुसार 16 विमान सीधे स्पेन से उड़ान योग्य स्थिति में भारत लाए जाएंगे, जबकि शेष 40 विमानों का निर्माण भारत में किया जाएगा। पहले भारत निर्मित विमान का जून 2026 में उड़ान परीक्षण शुरू होने की संभावना है और इसे सितंबर 2026 तक भारतीय वायुसेना को सौंपा जा सकता है। यह परियोजना भारत की रक्षा उत्पादन क्षमता को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।

वडोदरा में बना आधुनिक असेंबली संयंत्र

टाटा-एयरबस फाइनल असेंबली लाइन गुजरात के हरनी क्षेत्र, वडोदरा में स्थित है। इसका उद्घाटन 28 अक्टूबर 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने किया था। यह संयंत्र भारत का पहला ऐसा पूर्ण सैन्य विमान निर्माण केंद्र है जिसे किसी निजी भारतीय कंपनी द्वारा स्थापित किया गया है। टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड ने इस परियोजना के माध्यम से भारतीय निजी रक्षा उद्योग में नई पहचान बनाई है।

भारतीय वायुसेना को मिलेगा आधुनिक परिवहन विमान

एयरबस सी-295 एक ट्विन-टर्बोप्रॉप सामरिक सैन्य परिवहन विमान है। भारतीय वायुसेना इसका उपयोग सैनिकों की आवाजाही, माल परिवहन, चिकित्सा निकासी और विशेष सैन्य अभियानों के लिए करेगी। यह विमान कठिन और अर्ध-तैयार हवाई पट्टियों पर भी संचालन करने में सक्षम है। सी-295 कार्यक्रम भारतीय वायुसेना के पुराने एव्रो-748 विमानों को बदलने की योजना से जुड़ा हुआ है।

भारत की रक्षा आत्मनिर्भरता को बढ़ावा

इस परियोजना को भारत की रक्षा आत्मनिर्भरता और निजी क्षेत्र की बढ़ती भूमिका का महत्वपूर्ण उदाहरण माना जा रहा है। इससे पहले सैन्य विमान निर्माण में हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड यानी एचएएल की प्रमुख भूमिका रही है। अब निजी क्षेत्र की भागीदारी बढ़ने से भारत रक्षा उत्पादन और निर्यात क्षमता को और मजबूत करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

” एयरबस सी-295 एक ट्विन-टर्बोप्रॉप सामरिक सैन्य परिवहन विमान है। ” वडोदरा स्थित संयंत्र का उद्घाटन 28 अक्टूबर 2024 को हुआ था। ” सी-295 कार्यक्रम भारतीय वायुसेना के एव्रो-748 विमानों के प्रतिस्थापन से जुड़ा है। ” टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स भारत की पहली निजी कंपनी बनी जिसने पूर्ण सैन्य विमान उत्पादन लाइन स्थापित की। भारत में तैयार पहला एयरबस सी-295 विमान देश के रक्षा और एयरोस्पेस क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि माना जा रहा है। इससे न केवल भारतीय वायुसेना को आधुनिक क्षमता मिलेगी बल्कि देश की रक्षा विनिर्माण आत्मनिर्भरता को भी नई मजबूती प्राप्त होगी।

Originally written on May 18, 2026 and last modified on May 18, 2026.

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