प्रशस्त 2.0 से बच्चों में दिव्यांगता की जल्द पहचान

प्रशस्त 2.0 से बच्चों में दिव्यांगता की जल्द पहचान

केंद्र सरकार बच्चों में विशेष आवश्यकताओं की समय पर पहचान और उन्हें बेहतर शैक्षिक सहायता प्रदान करने के लिए प्रशस्त 2.0 नामक एक उन्नत डिजिटल प्लेटफॉर्म लॉन्च करने जा रही है। यह ऐप 21 प्रकार की दिव्यांगताओं की पहचान करने में मदद करेगा और विशेष आवश्यकता वाले बच्चों (CWSN) को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

इस पहल का उद्देश्य केवल दिव्यांगता की पहचान करना नहीं, बल्कि समय पर हस्तक्षेप, प्रमाणन प्रक्रिया को सरल बनाना और समावेशी शिक्षा को मजबूत करना भी है।

स्कूल स्तर पर होगी शुरुआती पहचान

प्रशस्त 2.0 के माध्यम से स्कूल प्रमुख, शिक्षक और विशेष शिक्षक बच्चों में संभावित दिव्यांगताओं की पहचान कर सकेंगे। कई बार बच्चों के व्यवहार, सीखने की क्षमता या सामाजिक सहभागिता में आने वाली कठिनाइयों को समय पर नहीं पहचाना जाता, जिससे उनकी शिक्षा प्रभावित होती है।

इस ऐप के जरिए शिक्षकों को ऐसे संकेतों को समझने और पहचानने के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा, ताकि शुरुआती स्तर पर ही उचित सहायता दी जा सके। प्रारंभिक पहचान से बच्चों को बेहतर उपचार, शैक्षिक सहयोग और सामाजिक समावेशन का अवसर मिलेगा।

प्रमाणन प्रक्रिया होगी आसान

जब किसी छात्र में संभावित दिव्यांगता की पहचान होगी, तब उसे आवश्यक सहायता प्रणाली से जल्दी जोड़ा जा सकेगा। प्रशस्त 2.0 दिव्यांगता प्रमाणपत्र प्राप्त करने की प्रक्रिया को सरल और तेज बनाएगा।

इससे परिवारों को सरकारी लाभ, शैक्षिक सहायता और अन्य सुविधाएं समय पर प्राप्त हो सकेंगी। अनावश्यक देरी कम होने से बच्चों की शिक्षा में रुकावट भी कम होगी।

समग्र शिक्षा योजना से जुड़ाव

ऐप के माध्यम से चिन्हित छात्रों को समग्र शिक्षा योजना के अंतर्गत विशेष सहायता सेवाओं से जोड़ा जाएगा। यह केंद्र सरकार की एक महत्वपूर्ण योजना है, जिसका उद्देश्य समावेशी और समान स्कूल शिक्षा सुनिश्चित करना है।

इस योजना के तहत विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को शैक्षिक उपकरण, थेरेपी सहायता और विशेष शिक्षण सहायता प्रदान की जाती है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • प्रशस्त 2.0 बच्चों में 21 प्रकार की दिव्यांगताओं की पहचान के लिए विकसित ऐप है।
  • यह विशेष आवश्यकता वाले बच्चों (CWSN) के लिए बनाया गया है।
  • यह ऐप समग्र शिक्षा योजना से जुड़ा हुआ है।
  • इसे भारत सरकार के स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग द्वारा लॉन्च किया जाएगा।

प्रशस्त 2.0 भारत की शिक्षा व्यवस्था में समावेशिता को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे न केवल दिव्यांग बच्चों की जल्दी पहचान संभव होगी, बल्कि उन्हें मुख्यधारा की शिक्षा और बेहतर भविष्य से जोड़ने का अवसर भी मिलेगा। यह पहल शिक्षा को अधिक न्यायसंगत, सुलभ और संवेदनशील बनाने में सहायक सिद्ध होगी।

Originally written on April 29, 2026 and last modified on April 29, 2026.

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