नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की अंतरिम सीईओ बनीं नीतू शर्मा
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने नीतू शर्मा को अंतरिम मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है। यह नियुक्ति ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी (BCAS) के निर्देशों के बाद की गई है। भारत में संचालित किसी भी हवाई अड्डे के सीईओ का भारतीय नागरिक होना अनिवार्य है, जिसके चलते यह नेतृत्व परिवर्तन किया गया। यह बदलाव केवल प्रशासनिक नहीं, बल्कि भारत के सबसे बड़े उभरते एयरपोर्ट परियोजनाओं में से एक के भविष्य के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट में नेतृत्व परिवर्तन
नीतू शर्मा अक्टूबर 2021 से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट में मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO) के रूप में कार्यरत थीं। अब उन्हें तत्काल प्रभाव से अंतरिम सीईओ की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वे तब तक इस पद पर रहेंगी, जब तक निदेशक मंडल स्थायी मुख्य कार्यकारी अधिकारी के चयन की औपचारिक प्रक्रिया पूरी नहीं कर लेता।
उनकी नियुक्ति से यह संकेत मिलता है कि एयरपोर्ट प्रबंधन निरंतरता और प्रशासनिक स्थिरता बनाए रखना चाहता है। वित्तीय और प्रबंधन अनुभव के कारण नीतू शर्मा को इस भूमिका के लिए उपयुक्त माना जा रहा है।
BCAS के नियम के कारण हुआ बदलाव
यह नेतृत्व परिवर्तन ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी (BCAS) के उस निर्देश के बाद हुआ, जिसमें स्पष्ट किया गया कि भारत में संचालित किसी भी एयरपोर्ट का सीईओ भारतीय नागरिक होना चाहिए। यह नियम राष्ट्रीय सुरक्षा और नागरिक उड्डयन प्रशासन से जुड़ी संवेदनशीलताओं को ध्यान में रखते हुए लागू किया गया है।
इसी कारण एयरपोर्ट के शीर्ष प्रबंधन में पुनर्गठन करना पड़ा। यह निर्णय भारत की विमानन सुरक्षा व्यवस्था में नियामक संस्थाओं की भूमिका को भी दर्शाता है।
क्रिस्टोफ श्नेलमैन अब बोर्ड में निभाएंगे भूमिका
स्विट्जरलैंड के नागरिक क्रिस्टोफ श्नेलमैन अगस्त 2020 से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के सीईओ के रूप में कार्य कर रहे थे। अब वे एयरपोर्ट के निदेशक मंडल में कार्यकारी उपाध्यक्ष (Executive Vice Chairman) के रूप में शामिल होंगे।
इस नई भूमिका में वे एयरपोर्ट के रणनीतिक विकास, विस्तार योजनाओं और दीर्घकालिक प्रबंधन में योगदान देते रहेंगे। इससे उनके अनुभव का लाभ परियोजना को लगातार मिलता रहेगा, जबकि नियामक नियमों का भी पालन सुनिश्चित होगा।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- BCAS यानी ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी भारत में विमानन सुरक्षा विनियमन के लिए जिम्मेदार संस्था है।
- नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश के जेवर में स्थित है।
- यह भारत के सबसे बड़े अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों में से एक बनने की दिशा में विकसित किया जा रहा है।
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मार्च 2026 में इस एयरपोर्ट का उद्घाटन किया था।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट उत्तर भारत की एक महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा परियोजना माना जा रहा है। इससे दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर दबाव कम होने की उम्मीद है। साथ ही यह पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में कनेक्टिविटी, लॉजिस्टिक्स और क्षेत्रीय आर्थिक विकास को नई गति देगा। जेवर एयरपोर्ट भविष्य में भारत की विमानन और व्यापारिक क्षमता का एक प्रमुख केंद्र बन सकता है।