असम बना भारत में व्यावसायिक स्तर पर माचा चाय का उत्पादन करने वाला पहला राज्य

असम बना भारत में व्यावसायिक स्तर पर माचा चाय का उत्पादन करने वाला पहला राज्य

भारत के चाय उद्योग के लिए 3 जुलाई 2026 का दिन ऐतिहासिक साबित हुआ, जब असम देश का पहला ऐसा राज्य बन गया जिसने व्यावसायिक स्तर पर माचा (Matcha) चाय का उत्पादन शुरू किया। माचा चाय का पहला व्यावसायिक उत्पादन तिनसुकिया जिले के छोटा तिंगराई टी एस्टेट में किया गया, जबकि इसकी पहली खेप की बिक्री गुवाहाटी टी ऑक्शन सेंटर के माध्यम से संपन्न हुई। यह उपलब्धि भारतीय चाय उद्योग को वैश्विक प्रीमियम ग्रीन टी बाजार में नई पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

क्या है माचा चाय?

माचा (Matcha) जापान की पारंपरिक पाउडर ग्रीन टी है, जिसे विशेष रूप से छाया (Shade) में उगाई गई चाय की पत्तियों से तैयार किया जाता है। इन पत्तियों को पहले भाप देकर संसाधित किया जाता है, फिर सुखाकर बारीक पाउडर में पीसा जाता है। सामान्य ग्रीन टी की तरह केवल पत्तियों का अर्क नहीं लिया जाता, बल्कि पूरे पाउडर को गर्म पानी में फेंटकर पिया जाता है। इसी कारण इसमें पोषक तत्व और एंटीऑक्सीडेंट अधिक मात्रा में पाए जाते हैं।

असम के चाय उद्योग को मिली नई पहचान

असम लंबे समय से भारत के सबसे बड़े चाय उत्पादक राज्यों में शामिल रहा है। यहां मुख्य रूप से ब्लैक टी, ऑर्थोडॉक्स टी और सीटीसी (CTC) चाय का उत्पादन होता है। तिनसुकिया, डिब्रूगढ़, जोरहाट और शिवसागर जैसे जिले राज्य के प्रमुख चाय उत्पादक क्षेत्र हैं। अब माचा चाय का व्यावसायिक उत्पादन शुरू होने से असम का चाय उद्योग प्रीमियम और उच्च मूल्य वाले वैश्विक बाजारों में भी अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा सकेगा।

छोटा तिंगराई टी एस्टेट की विशेष पहल

तिनसुकिया स्थित छोटा तिंगराई टी एस्टेट ने माचा उत्पादन के लिए पूरी तरह स्वचालित जापानी तकनीक पर आधारित चाय निर्माण इकाई विकसित की है। इस परियोजना को सफल बनाने में लगभग एक दशक तक जापानी उपकरण निर्माताओं, कृषि विशेषज्ञों, चाय विशेषज्ञों और तकनीकी साझेदारों का सहयोग लिया गया। आधुनिक उत्पादन प्रक्रिया के कारण यहां तैयार होने वाली माचा चाय अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों के अनुरूप मानी जा रही है।

गुवाहाटी टी ऑक्शन सेंटर से हुई पहली बिक्री

असम में तैयार माचा चाय की पहली खेप की बिक्री गुवाहाटी टी ऑक्शन सेंटर के माध्यम से की गई। भारत में चाय की नीलामी अधिकृत ब्रोकरों के जरिए होती है। इस ऐतिहासिक बिक्री का संचालन जे. थॉमस एंड कंपनी प्राइवेट लिमिटेड ने किया, जबकि पहली खेप को शियोसन्स चाय कंपनी, गुवाहाटी ने खरीदा। इससे संकेत मिलता है कि भारतीय बाजार में भी माचा चाय की मांग लगातार बढ़ रही है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • माचा (Matcha) जापान की पारंपरिक पाउडर ग्रीन टी है, जिसे छाया में उगाई गई चाय की पत्तियों से बनाया जाता है।
  • असम भारत का प्रमुख चाय उत्पादक राज्य है और यह मुख्य रूप से ब्लैक टी, ऑर्थोडॉक्स टी तथा सीटीसी चाय के लिए प्रसिद्ध है।
  • गुवाहाटी टी ऑक्शन सेंटर उत्तर-पूर्व भारत के सबसे महत्वपूर्ण चाय व्यापार एवं नीलामी केंद्रों में से एक है।
  • असम में माचा चाय का पहला व्यावसायिक उत्पादन तिनसुकिया जिले के छोटा तिंगराई टी एस्टेट में हुआ और इसकी पहली खेप 3 जुलाई 2026 को बाजार में उतारी गई।

असम द्वारा व्यावसायिक स्तर पर माचा चाय का उत्पादन शुरू करना भारतीय चाय उद्योग के लिए एक नई उपलब्धि है। इससे न केवल राज्य के चाय उत्पादकों को उच्च मूल्य वाले अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच मिलेगी, बल्कि भारत भी प्रीमियम ग्रीन टी उत्पादन के क्षेत्र में अपनी वैश्विक पहचान को और मजबूत कर सकेगा।

Originally written on July 4, 2026 and last modified on July 4, 2026.

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