भारत-इज़राइल हैकाथॉन ने पुनर्वास तकनीक पर नई सोच को दी गति
भारत और इज़राइल के बीच आयोजित पहले हैकाथॉन का समापन 14 अगस्त 2026 को रिस्टोरेटिव हेल्थकेयर यानी पुनर्वास और कार्यात्मक सुधार से जुड़ी स्वास्थ्य तकनीकों के थीम के साथ हुआ। इस आयोजन में दोनों देशों के 1,300 युवा नवाचारकर्ताओं ने मिलकर 14 ऐसी समस्याओं पर काम किया, जिनका संबंध मरीजों की गतिशीलता, रिकवरी मॉनिटरिंग और सहायक उपकरणों से था।
युवा नवाचारकर्ताओं ने स्वास्थ्य तकनीक पर किया काम
हैकाथॉन का स्वरूप टीम-आधारित और क्रॉस-कंट्री था, जिसमें भारतीय और इज़राइली प्रतिभागियों को मिश्रित टीमों में रखा गया। इन टीमों ने ऐसे विचार और प्रोटोटाइप विकसित किए जो चोट, सर्जरी या बीमारी के बाद मरीजों की शारीरिक पुनर्प्राप्ति को बेहतर बना सकें।
इस आयोजन की खासियत यह रही कि इसमें केवल विचार-मंथन नहीं, बल्कि व्यावहारिक स्वास्थ्य-तकनीकी समाधान तैयार करने पर जोर दिया गया। प्रतिभागियों ने पुनर्वास, गति-विश्लेषण और सहायक गतिशीलता उपकरणों से जुड़े उपयोगी मॉडल प्रस्तुत किए।
थापर विश्वविद्यालय और समुदाय की भूमिका
इस हैकाथॉन के आयोजन में भारतीय यहूदी समुदाय, इज़राइल में समुदाय के सदस्य ओरि कदविल और अन्य सहयोगियों की भूमिका रही। थापर विश्वविद्यालय ने नोडल अकादमिक साझेदार के रूप में काम किया और शुरुआती चरण के नवाचार तथा हेल्थ-टेक अनुसंधान के लिए एक केंद्र की तरह भूमिका निभाई।
यह आयोजन भारत-इज़राइल द्विपक्षीय संबंधों के व्यापक संदर्भ से भी जुड़ा रहा। दोनों देशों के बीच तकनीक, कृषि, रक्षा और नवाचार के क्षेत्रों में सहयोग पहले से सक्रिय है, और यह हैकाथॉन उसी सहयोग को स्वास्थ्य-तकनीक के क्षेत्र में आगे बढ़ाने का प्रयास माना जा सकता है।
विजेता प्रोटोटाइप और उनकी उपयोगिता
14 अगस्त 2026 को भारत में इज़राइल के राजदूत जेपी सिंह ने विजेताओं को सम्मानित किया। प्रस्तुत प्रोटोटाइपों में एक इज़राइली समाधान विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा, जिसमें कम लागत और बिजली-रहित व्हीलचेयर-माउंटेड लिम्ब मोबिलाइज़ेशन सिस्टम विकसित किया गया। यह प्रणाली व्हीलचेयर के आगे वाले पहिए की यांत्रिक घुमाव शक्ति का उपयोग करके पैर के पुनर्वास में मदद करती है।
भारतीय टीम का एक प्रोटोटाइप रीयल-टाइम वीडियो प्रोसेसिंग और स्वचालित मूवमेंट विश्लेषण पर आधारित था। यह घायल मरीजों की अंग-गतियों की तुलना स्वस्थ व्यक्तियों की गति से कर सकता है, जिससे पुनर्वास की प्रगति को अधिक सटीक तरीके से समझने में मदद मिलती है।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- हैकाथॉन समय-सीमा में होने वाला नवाचार आयोजन होता है, जिसमें प्रतिभागी किसी तय समस्या पर प्रोटोटाइप या समाधान तैयार करते हैं।
- रिस्टोरेटिव हेल्थकेयर का संबंध चोट, सर्जरी या बीमारी के बाद कार्यात्मक सुधार और गतिशीलता बहाल करने वाली तकनीकों से है।
- सहायक गतिशीलता उपकरणों में व्हीलचेयर, अंग-सहायता प्रणाली और मूवमेंट-असिस्ट टूल शामिल होते हैं।
- भारत और इज़राइल के बीच तकनीक, कृषि, रक्षा और नवाचार क्षेत्रों में सहयोग का लंबा इतिहास रहा है।
यह हैकाथॉन दिखाता है कि स्वास्थ्य नवाचार अब केवल अस्पतालों तक सीमित नहीं है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय सहयोग, युवा प्रतिभा और कम लागत वाले तकनीकी समाधानों के जरिए मरीजों के जीवन को अधिक सक्षम बनाने की दिशा में बढ़ रहा है।