भारतीय महिला हॉकी टीम को 50 लाख रुपये का इनाम, विश्व कप में ऐतिहासिक प्रदर्शन
भारतीय महिला हॉकी टीम को एफआईएच महिला हॉकी विश्व कप अभियान के बाद हॉकी इंडिया ने 50 लाख रुपये का नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है। टीम ने 27 अगस्त 2026 को नीदरलैंड्स के एम्सटेलवीन में पांचवें स्थान के लिए हुए मुकाबले में जर्मनी को 3-1 से हराकर 52 साल बाद अपना सर्वश्रेष्ठ विश्व कप प्रदर्शन दर्ज किया।
जर्मनी पर जीत से मिला पांचवां स्थान
पांचवें स्थान के प्ले-ऑफ में भारत ने मजबूत जर्मन टीम को मात दी, जो उस समय विश्व रैंकिंग में पांचवें स्थान पर थी। मुकाबला पहले हाफ तक 0-0 रहा, लेकिन भारत ने तीसरे क्वार्टर में तीनों गोल दागकर मैच की दिशा बदल दी। इशिका चौधरी ने एक गोल किया, जबकि नवनीत कौर ने दो गोल दागे। जर्मनी की ओर से एकमात्र गोल लीन क्रिंग्स ने 59वें मिनट में किया।
यह परिणाम भारतीय महिला हॉकी के लिए इसलिए भी खास रहा क्योंकि इससे टीम ने 1974 के बाद पहली बार विश्व कप में शीर्ष पांच में जगह बनाई। 1974 में भारत ने चौथा स्थान हासिल किया था, जो लंबे समय तक उसका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन बना रहा।
हॉकी इंडिया की पुरस्कार घोषणा और टीम का योगदान
हॉकी इंडिया ने टीम के इस प्रदर्शन को सम्मानित करने के लिए कुल 50 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की। तय संरचना के अनुसार, प्रत्येक खिलाड़ी को 2 लाख रुपये और सपोर्ट स्टाफ के प्रत्येक सदस्य को 1 लाख रुपये दिए जाएंगे। इस घोषणा से टीम के सामूहिक प्रयास और टूर्नामेंट में उसके अनुशासित प्रदर्शन को मान्यता मिली है।
हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप तिर्की और महासचिव भोला नाथ सिंह से जुड़ी इस घोषणा ने भारतीय महिला हॉकी के बढ़ते आत्मविश्वास को भी रेखांकित किया।
विश्व कप अभियान और आगे की चुनौती
एफआईएच महिला हॉकी विश्व कप अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ के तहत आयोजित महिला फील्ड हॉकी का प्रमुख वैश्विक टूर्नामेंट है। जो टीमें पदक दौर तक नहीं पहुंचतीं, वे वर्गीकरण मुकाबले खेलकर अपनी अंतिम रैंकिंग तय करती हैं। भारत के अभियान में नीदरलैंड्स से एक हार, चीन, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ड्रॉ, और दक्षिण अफ्रीका पर 6-1 की बड़ी जीत शामिल रही।
टीम की कप्तानी सलीमा टेटे ने की, और इस प्रदर्शन ने दिखाया कि भारतीय महिला हॉकी अब बड़े मंच पर लगातार प्रतिस्पर्धी होती जा रही है। विश्व कप के बाद टीम का ध्यान अब एशियाई खेलों पर रहेगा, जहां इस लय को आगे बढ़ाने की चुनौती होगी।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- एफआईएच का पूरा नाम International Hockey Federation है, जो अंतरराष्ट्रीय फील्ड हॉकी का संचालन करती है।
- भारतीय महिला हॉकी टीम का पिछला सर्वश्रेष्ठ विश्व कप प्रदर्शन 1974 में आया था, जब टीम चौथे स्थान पर रही थी।
- एम्सटेलवीन नीदरलैंड्स का एक शहर है, जहां अंतरराष्ट्रीय हॉकी मुकाबले आयोजित होते रहे हैं।
- वर्गीकरण मुकाबलों के जरिए पदक दौर से बाहर रहने वाली टीमों की अंतिम रैंकिंग तय की जाती है।
इस उपलब्धि ने भारतीय महिला हॉकी को नई पहचान दी है और यह संकेत भी दिया है कि टीम बड़े टूर्नामेंटों में अब शीर्ष टीमों को कड़ी चुनौती देने की स्थिति में पहुंच रही है।