ग्लासगो में भारत को दो रजत, गुलवीर और हरजिंदर ने बढ़ाया पदक अभियान

ग्लासगो में भारत को दो रजत, गुलवीर और हरजिंदर ने बढ़ाया पदक अभियान

ग्लासगो में चल रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में 29 जुलाई को भारत ने दो रजत पदक अपने नाम किए। गुलवीर सिंह ने पुरुषों की 10,000 मीटर दौड़ में 27:49.78 के समय के साथ दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि हरजिंदर कौर ने महिलाओं के 69 किलोग्राम भारवर्ग में 227 किलोग्राम के कुल भार के साथ रजत जीता। इन दोनों पदकों ने भारत की पदक तालिका में मजबूती बढ़ाई और दिन के अंत तक देश की स्थिति और बेहतर हुई।

गुलवीर ने रचा लंबी दूरी की दौड़ में नया भारतीय मानक

गुलवीर सिंह का यह प्रदर्शन इसलिए खास रहा क्योंकि वे कॉमनवेल्थ गेम्स की 10,000 मीटर स्पर्धा में पदक जीतने वाले पहले भारतीय पुरुष बन गए। 10,000 मीटर दौड़ एथलेटिक्स की एक लंबी दूरी की ट्रैक स्पर्धा है, जो 400 मीटर के मानक ट्रैक पर 25 चक्कर लगाकर पूरी की जाती है। इस इवेंट में धैर्य, गति और रणनीति तीनों की बड़ी भूमिका होती है। गुलवीर का रजत भारत के लिए ट्रैक एंड फील्ड में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है, क्योंकि लंबी दूरी की दौड़ों में भारतीय पुरुष एथलीटों की यह उपलब्धि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कम देखने को मिलती है।

हरजिंदर कौर की करियर-बेस्ट लिफ्ट से मिला रजत

हरजिंदर कौर ने महिलाओं के 69 किलोग्राम भारवर्ग में 227 किलोग्राम का कुल भार उठाकर रजत पदक जीता। यह उनके करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन भी रहा। भारोत्तोलन में कुल स्कोर स्नैच और क्लीन एंड जर्क में किए गए सर्वश्रेष्ठ प्रयासों को जोड़कर तय होता है। कॉमनवेल्थ गेम्स में भारोत्तोलन भारत के लिए हमेशा मजबूत स्पर्धा रही है, और हरजिंदर का यह पदक उस परंपरा को आगे बढ़ाता है। इस खेल में अलग-अलग लिफ्ट में भी रिकॉर्ड बन सकते हैं, इसलिए हर प्रयास का महत्व बहुत अधिक होता है।

भारत की पदक तालिका और आगे की संभावनाएं

दिन 5 के अंत तक भारत का कुल पदक आंकड़ा 12 तक पहुंच गया, जिसमें दो स्वर्ण, सात रजत और तीन कांस्य शामिल थे। 29 जुलाई 2026 तक भारत पदक तालिका में नौवें स्थान पर था। इसी दिन बॉक्सिंग में भी भारत के लिए अच्छी खबर रही, जब तीन भारतीय मुक्केबाज अपने-अपने वर्गों के सेमीफाइनल में पहुंच गए। बॉक्सिंग में सेमीफाइनल तक पहुंचना कम से कम कांस्य पदक पक्का करता है, इसलिए भारत की पदक संख्या में और इजाफे की उम्मीद बनी हुई है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • कॉमनवेल्थ गेम्स राष्ट्रमंडल देशों के खिलाड़ियों का बहु-खेल आयोजन है।
  • ग्लासगो ने इससे पहले 2014 में भी कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी की थी।
  • 10,000 मीटर दौड़ एथलेटिक्स की मानक लंबी दूरी की ट्रैक स्पर्धाओं में शामिल है।
  • भारोत्तोलन में स्नैच और क्लीन एंड जर्क, दोनों के सर्वश्रेष्ठ प्रयासों का योग कुल स्कोर बनाता है।

गुलवीर सिंह और हरजिंदर कौर के रजत पदकों ने ग्लासगो में भारत के अभियान को नई ऊर्जा दी है। आने वाले मुकाबलों में मुक्केबाजों और अन्य खिलाड़ियों से भी पदक की उम्मीदें बनी हुई हैं।

Originally written on July 29, 2026 and last modified on July 29, 2026.

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