ओडिशा में हिंसक अपराध दर देश में सबसे अधिक
राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो की “क्राइम इन इंडिया-2024” रिपोर्ट के अनुसार ओडिशा ने हिंसक अपराध दर के मामले में देश में पहला स्थान प्राप्त किया है। राज्य में वर्ष 2024 में प्रति लाख आबादी पर 161.6 पीड़ित दर्ज किए गए, जो भारत में सबसे अधिक है। यह स्थिति राज्य में बढ़ते अपराध और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों को दर्शाती है।
हिंसक अपराध दर क्या होती है
हिंसक अपराध दर सामान्यतः प्रति लाख आबादी पर दर्ज अपराधों या पीड़ितों की संख्या के आधार पर मापी जाती है। इसका उपयोग विभिन्न राज्यों की तुलना करने के लिए किया जाता है। वर्ष 2024 में बिहार 83 पीड़ित प्रति लाख आबादी के साथ दूसरे स्थान पर रहा, जबकि ओडिशा सबसे ऊपर रहा। हालांकि कुछ अपराधों में बिहार के कुल मामले अधिक थे, लेकिन आबादी के अनुपात में ओडिशा की स्थिति अधिक गंभीर मानी गई।
ओडिशा में बढ़ते हिंसक अपराध
ओडिशा में वर्ष 2024 में कुल 75,403 हिंसक अपराध दर्ज किए गए। इस आधार पर राज्य देश में बिहार, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश के बाद चौथे स्थान पर रहा। इससे पहले 2022 में राज्य में 43,566 हिंसक अपराध और 2023 में 31,749 मामले दर्ज हुए थे। 2024 में अचानक हुई वृद्धि ने कानून व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराध
महिलाओं के खिलाफ अपराध दर में भी ओडिशा देश में दूसरे स्थान पर रहा। वर्ष 2024 में राज्य में प्रति लाख महिलाओं पर 118.3 अपराध दर्ज किए गए। इस सूची में तेलंगाना 128.6 प्रति लाख की दर के साथ पहले स्थान पर रहा। रिपोर्ट के अनुसार 2025 में ओडिशा में महिलाओं के खिलाफ 33,021 मामले दर्ज किए गए। बच्चों के खिलाफ अपराध भी राज्य में गंभीर चिंता का विषय बने हुए हैं। वर्ष 2024 में ओडिशा से 6,000 से अधिक बच्चे लापता हुए, जिनमें लगभग 87 प्रतिशत लड़कियां थीं। वर्ष 2023 में बच्चों के खिलाफ 8,577 अपराध दर्ज किए गए थे, जिनमें लगभग 41 प्रतिशत मामले अपहरण से जुड़े थे।
समग्र अपराध स्थिति
ओडिशा में कुल संज्ञेय अपराधों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। वर्ष 2025 में राज्य में 2,29,881 संज्ञेय अपराध दर्ज किए गए, जबकि 2024 में यह संख्या 2,14,113 थी। हालांकि बलात्कार के मामलों में हल्की कमी दर्ज की गई। 2024 में 3,054 मामले सामने आए थे, जो 2025 में घटकर 2,994 रह गए।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
” राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो भारत में वार्षिक अपराध आंकड़े जारी करने वाली प्रमुख एजेंसी है। ” एनसीआरबी अपराध दर को सामान्यतः प्रति लाख आबादी के आधार पर प्रस्तुत करता है। ” ओडिशा 2024 में हिंसक अपराध दर में देश में पहले स्थान पर रहा। ” तेलंगाना महिलाओं के खिलाफ अपराध दर में 2024 में शीर्ष पर रहा। ओडिशा में बढ़ती हिंसक अपराध दर और महिलाओं तथा बच्चों के खिलाफ बढ़ते मामलों ने प्रशासन के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि मजबूत पुलिस व्यवस्था, त्वरित न्याय और सामाजिक जागरूकता के माध्यम से ही अपराध नियंत्रण की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जा सकते हैं।