अहमदाबाद में पहली विश्व योगासन चैंपियनशिप, भारत ने जीते 114 पदक
अहमदाबाद ने 4 जून से 8 जून 2026 तक पहली विश्व योगासन चैंपियनशिप की मेजबानी कर अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर एक नई पहचान बनाई। गुजरात के ईकेए एरिना (ट्रांसस्टेडिया) में आयोजित इस प्रतियोगिता का वर्चुअल उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 4 जून को किया। यह आयोजन योगासन को एक प्रतिस्पर्धी खेल के रूप में वैश्विक स्तर पर स्थापित करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
योगासन को खेल के रूप में मिली अंतरराष्ट्रीय पहचान
योगासन, योग की शारीरिक मुद्राओं पर आधारित एक प्रतिस्पर्धी खेल है, जिसमें खिलाड़ियों का मूल्यांकन संतुलन, लचीलापन, शक्ति और नियंत्रण जैसे मानकों पर किया जाता है। इस चैंपियनशिप का आयोजन योगासन भारत ने वर्ल्ड योगासन और भारतीय ओलंपिक संघ के साथ मिलकर किया, जबकि युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय और आयुष मंत्रालय ने इसमें सहयोग दिया।
यह प्रतियोगिता केवल एक खेल आयोजन नहीं थी, बल्कि भारतीय योग परंपरा को आधुनिक प्रतिस्पर्धी ढांचे में प्रस्तुत करने का प्रयास भी थी। इसमें 79 देशों के खिलाड़ी शामिल हुए और कुल 522 प्रतियोगियों ने भाग लिया। इतने व्यापक अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधित्व ने इस आयोजन को योगासन की अब तक की सबसे बड़ी वैश्विक प्रतियोगिताओं में शामिल कर दिया।
भारत का दबदबा, जापान और अर्जेंटीना पीछे
पदक तालिका में भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान हासिल किया। भारतीय खिलाड़ियों ने कुल 114 पदक जीते, जिनमें 102 स्वर्ण, 9 रजत और 3 कांस्य शामिल रहे। जापान 3 स्वर्ण, 3 रजत और 5 कांस्य पदकों के साथ दूसरे स्थान पर रहा, जबकि अर्जेंटीना की नबिला बार्राज़ा के प्रदर्शन की बदौलत देश ने 2 स्वर्ण और 3 रजत पदक लेकर तीसरा स्थान प्राप्त किया।
भारतीय प्रदर्शन में कई व्यक्तिगत उपलब्धियाँ भी चर्चा में रहीं। बीएसएफ के खिलाड़ी सतीश सांबले तानाजी ने 35–45 वर्ष पुरुष वर्ग के ट्विस्टिंग बॉडी व्यक्तिगत इवेंट में स्वर्ण पदक जीता। वहीं पुणे के निरल वडेकऱ ने अंतिम दिन दो स्वर्ण पदक अपने नाम किए।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- योगासन भारत में योग से जुड़ा एक प्रतिस्पर्धी खेल है, जिसमें निर्धारित मुद्राओं और रूटीन के आधार पर अंक दिए जाते हैं।
- योग को यूनेस्को ने मानवता की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता दी है।
- अंतरराष्ट्रीय योग दिवस हर वर्ष 21 जून को मनाया जाता है।
- भारतीय ओलंपिक संघ की स्थापना 1927 में हुई थी और इसका मुख्यालय नई दिल्ली में है।
अहमदाबाद की खेल मेजबानी को नई मजबूती
अहमदाबाद पहले भी ईकेए एरिना और नरेंद्र मोदी स्टेडियम जैसे स्थलों के जरिए बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों की मेजबानी कर चुका है। पहली विश्व योगासन चैंपियनशिप के सफल आयोजन ने शहर की खेल अवसंरचना और भारत की आयोजन क्षमता को फिर से रेखांकित किया।
यह चैंपियनशिप योगासन को वैश्विक प्रतिस्पर्धी खेल के रूप में आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण शुरुआत मानी जा रही है, जिसमें भारत ने न केवल मेजबानी की बल्कि पदक तालिका में भी अपना वर्चस्व स्थापित किया।