INS उदयगिरि की कोलंबो यात्रा से भारत-श्रीलंका रक्षा सहयोग को नई गति
भारतीय नौसेना का स्वदेशी बहुउद्देशीय स्टील्थ फ्रिगेट INS उदयगिरि 8 सितंबर 2026 को श्रीलंका के कोलंबो पोर्ट पहुंचा। यह तीन दिन की परिचालन यात्रा ऐसे समय हुई जब भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी 8 से 10 सितंबर 2026 तक कोलंबो के आधिकारिक दौरे पर थे। इस यात्रा ने दोनों देशों के बीच समुद्री सुरक्षा, सैन्य समन्वय और क्षमता निर्माण सहयोग को फिर से रेखांकित किया।
स्वदेशी युद्धपोत और समुद्री साझेदारी
INS उदयगिरि भारतीय नौसेना का ऐसा फ्रिगेट है जिसे देश में ही बनाया गया है और जिसे बहु-भूमिका नौसैनिक अभियानों के लिए तैयार किया गया है। फ्रिगेट युद्धपोत आमतौर पर एस्कॉर्ट ड्यूटी, समुद्री सुरक्षा, पनडुब्बी-रोधी अभियानों और सतही युद्ध कार्यों में इस्तेमाल होते हैं। कोलंबो जैसे रणनीतिक बंदरगाह पर इस युद्धपोत की मौजूदगी भारत-श्रीलंका समुद्री साझेदारी का व्यावहारिक संकेत मानी जा रही है।
सहयोग केवल सैन्य नहीं, मानवीय पहल भी
इस यात्रा के दौरान INS उदयगिरि ने श्रीलंका नौसेना और श्रीलंका वायुसेना के लिए परिचालन उपयोग की मशीनरी और उपकरणों के स्पेयर पार्ट्स भी सौंपे। जहाज के चालक दल ने पेशेवर संवाद, खेलकूद गतिविधियों और स्वच्छ श्रीलंका अभियान से जुड़ी बीच सफाई पहल में भी हिस्सा लिया। इससे यह स्पष्ट होता है कि नौसैनिक दौरे केवल औपचारिक नहीं होते, बल्कि वे भरोसा, तालमेल और जन-स्तरीय जुड़ाव भी बढ़ाते हैं।
रक्षा समझौते और क्षेत्रीय महत्व
9 सितंबर 2026 को राजनाथ सिंह ने श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके से मुलाकात की और रक्षा क्षेत्र से जुड़े तीन समझौता ज्ञापनों को अंतिम रूप दिया। इनमें श्रीलंकाई वायुसेना की छह 40mm L70 एयर डिफेंस गनों के भारतीय सहायता से उन्नयन और भारत-श्रीलंका के राष्ट्रीय कैडेट कोर तथा राष्ट्रीय रक्षा कॉलेजों के बीच आदान-प्रदान कार्यक्रम शामिल हैं। इसी दौरे में श्रीलंकाई सेना के लिए एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सुविधा में भारतीय सहायता की भी घोषणा की गई।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- INS उदयगिरि भारतीय नौसेना का स्वदेशी स्टील्थ फ्रिगेट है, जिसे बहु-भूमिका अभियानों के लिए बनाया गया है।
- फ्रिगेट युद्धपोत आम तौर पर एस्कॉर्ट, समुद्री सुरक्षा और पनडुब्बी-रोधी अभियानों में उपयोग होते हैं।
- कोलंबो पोर्ट श्रीलंका का प्रमुख समुद्री बंदरगाह और हिंद महासागर क्षेत्र का महत्वपूर्ण हब है।
- 40mm L70 एक टो्ड एंटी-एयरक्राफ्ट गन सिस्टम है, जिसका उपयोग कई सेनाओं में किया जाता है।
भारत और श्रीलंका के बीच समुद्री सीमा, व्यापारिक संपर्क और सुरक्षा हित साझा हैं, इसलिए ऐसे पोर्ट कॉल और रक्षा संवाद दोनों देशों के लिए रणनीतिक रूप से अहम हैं। INS उदयगिरि की यह यात्रा और राजनाथ सिंह का कोलंबो दौरा द्विपक्षीय रक्षा सहयोग को एक नई दिशा देने वाले कदम के रूप में देखा जा रहा है।