साउथ कोस्ट रेलवे जोन का गठन
भारत सरकार 1 जून 2026 को साउथ कोस्ट रेलवे जोन (SCoR) को आधिकारिक रूप से अधिसूचित करने जा रही है। इसका मुख्यालय आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम में स्थापित किया जाएगा। यह जोन भारतीय रेलवे का 18वां जोन होगा और आंध्र प्रदेश में रेलवे प्रशासन को नए ढांचे के तहत संगठित करेगा।
गठन और प्रशासनिक ढांचा
साउथ कोस्ट रेलवे जोन में साउथ सेंट्रल रेलवे के अंतर्गत आने वाले गुंटकल, गुंटूर और विजयवाड़ा डिवीजन शामिल किए जाएंगे। इसके अलावा, एक नया विशाखापत्तनम डिवीजन भी बनाया गया है, जो पहले ईस्ट कोस्ट रेलवे के वाल्टेयर डिवीजन का हिस्सा था। इस जोन के गठन को 7 फरवरी 2025 को केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा एक्स पोस्ट फैक्टो मंजूरी दी गई थी, जिसका अर्थ है कि निर्णय के बाद औपचारिक स्वीकृति प्रदान की गई।
मुख्यालय और बुनियादी ढांचा
नए रेलवे जोन का मुख्यालय विशाखापत्तनम में स्थित होगा। इसके लिए जनवरी 2025 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शिलान्यास किया गया था। आंध्र प्रदेश सरकार ने अगस्त 2024 में मुदासरलोवा क्षेत्र में 52.2 एकड़ भूमि मुख्यालय के लिए उपलब्ध कराई। इस परियोजना के लिए लगभग 184 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है।
हालिया प्रशासनिक घटनाक्रम
29 अप्रैल 2026 को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने विशाखापत्तनम में गूगल क्लाउड इंडिया एआई हब के शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान इस जोन की अधिसूचना की घोषणा की। उसी दिन उन्होंने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू के साथ नए जोन की गतिविधियों की समीक्षा भी की। मुख्यमंत्री ने अराकू–कोथावलासा और कुरनूल–धोने रेलखंडों को इस नए जोन में शामिल करने का अनुरोध किया है।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
” साउथ कोस्ट रेलवे जोन भारत का 18वां रेलवे जोन होगा। ” भारतीय रेलवे में इस जोन के गठन से पहले कुल 17 जोन थे। ” रेलवे जोन प्रशासनिक इकाइयां होती हैं, जो विभिन्न डिवीजनों और संचालन को नियंत्रित करती हैं। ” विशाखापत्तनम पूर्वी तट पर स्थित एक प्रमुख बंदरगाह और औद्योगिक शहर है। साउथ कोस्ट रेलवे जोन का गठन आंध्र प्रदेश में रेलवे प्रशासन को अधिक कुशल और व्यवस्थित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे क्षेत्रीय विकास को गति मिलने और यात्री व माल परिवहन सेवाओं में सुधार की उम्मीद की जा रही है।