नाइजीरिया का हरित कर और स्वच्छ परिवहन नीति

नाइजीरिया का हरित कर और स्वच्छ परिवहन नीति

नाइजीरिया ने वर्ष 2026 की वित्तीय नीति सुधारों के तहत अधिक प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर ग्रीन टैक्स सरचार्ज लागू करने की घोषणा की है। यह कदम ईंधन दक्ष और इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है। वित्त मंत्री वाले एडुन द्वारा 1 अप्रैल 2026 को हस्ताक्षरित यह नीति 1 जुलाई से लागू होगी। इसका उद्देश्य अधिक ईंधन खपत करने वाले वाहनों के आयात को हतोत्साहित करना और स्वच्छ परिवहन विकल्पों को बढ़ावा देना है।

ग्रीन टैक्स कैसे काम करेगा

यह ग्रीन टैक्स 2000 सीसी या उससे अधिक इंजन क्षमता वाले वाहनों पर लागू होगा। 2000 से 3999 सीसी तक के वाहनों पर 2 प्रतिशत अतिरिक्त कर लगाया जाएगा, जबकि 4000 सीसी या उससे अधिक इंजन वाले वाहनों पर 4 प्रतिशत सरचार्ज लगेगा।

2000 सीसी से कम इंजन वाले छोटे वाहन इस कर से मुक्त रहेंगे। इसके अलावा, जन परिवहन बसें, इलेक्ट्रिक वाहन और स्थानीय रूप से निर्मित वाहन भी इस टैक्स से बाहर रखे गए हैं। इसका उद्देश्य स्वच्छ, सस्ते और टिकाऊ परिवहन विकल्पों को प्रोत्साहित करना है।

आयात शुल्क और ईंधन अधिभार में बदलाव

नाइजीरिया ने पूरी तरह निर्मित यात्री वाहनों पर आयात शुल्क को 70 प्रतिशत से घटाकर 40 प्रतिशत कर दिया है। यह बदलाव ईकोवास कॉमन एक्सटर्नल टैरिफ ढांचे के तहत किया गया है। हालांकि मूल 20 प्रतिशत शुल्क संरचना को बरकरार रखा गया है।

इसके साथ ही 1 जनवरी 2026 से पेट्रोल और डीजल पर 5 प्रतिशत ईंधन अधिभार भी लगाया गया है। इन दोनों उपायों का उद्देश्य छोटे और ईंधन-कुशल वाहनों को अधिक आकर्षक बनाना तथा बड़े एसयूवी, लग्जरी कारों और भारी ट्रकों को हतोत्साहित करना है।

इस नीति की आवश्यकता क्यों

नाइजीरिया में आयातित वाहनों का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा सेकेंड-हैंड वाहनों का है, जिन्हें स्थानीय भाषा में ‘टोकुनबोस’ कहा जाता है। इनमें से कई पुराने और अधिक प्रदूषण फैलाने वाले मॉडल होते हैं, जो शहरी वायु प्रदूषण और ईंधन खपत दोनों को बढ़ाते हैं।

राष्ट्रीय सांख्यिकी ब्यूरो के अनुसार, वर्ष 2025 में यात्री कारों का आयात 1.58 ट्रिलियन नाइरा तक पहुंच गया। सरकार का उद्देश्य ऐसे प्रदूषणकारी आयात को कम करना, वायु गुणवत्ता सुधारना और घरेलू ऑटोमोबाइल उत्पादन को मजबूत करना है।

जलवायु लक्ष्यों की दिशा में कदम

नाइजीरिया ने अपनी तीसरी राष्ट्रीय स्तर पर निर्धारित योगदान योजना के तहत 2030 तक ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन में 29 प्रतिशत और 2035 तक 32 प्रतिशत की कमी का लक्ष्य रखा है। वर्ष 2060 तक नेट-जीरो उत्सर्जन प्राप्त करने की योजना भी बनाई गई है।

परिवहन क्षेत्र इस रणनीति का एक प्रमुख हिस्सा है। सरकार पहले ही ईंधन सब्सिडी हटाने, संपीड़ित प्राकृतिक गैस को बढ़ावा देने, कड़े आयात प्रमाणन नियम लागू करने और प्रदूषणकारी दो-स्ट्रोक इंजनों पर प्रतिबंध जैसे कदम उठा चुकी है। ग्रीन टैक्स इस परिवर्तन को और मजबूत करेगा।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • ईकोवास का पूरा नाम आर्थिक पश्चिम अफ्रीकी राज्यों का समुदाय है।
  • नाइजीरिया ने वर्ष 2060 तक नेट-जीरो उत्सर्जन का लक्ष्य रखा है।
  • ‘टोकुनबोस’ नाइजीरिया में आयातित सेकेंड-हैंड वाहनों के लिए स्थानीय शब्द है।
  • परिवहन क्षेत्र में उत्सर्जन नियंत्रण नाइजीरिया की जलवायु नीति का प्रमुख हिस्सा है।

नाइजीरिया का ग्रीन टैक्स केवल एक कर सुधार नहीं, बल्कि स्वच्छ ऊर्जा, टिकाऊ परिवहन और जलवायु सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे न केवल प्रदूषण कम होगा, बल्कि देश की ऊर्जा सुरक्षा और पर्यावरणीय संतुलन को भी मजबूती मिलेगी।

Originally written on April 28, 2026 and last modified on April 28, 2026.

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