चीन की रेयर अर्थ रोक से जापान की सप्लाई चेन पर दबाव
चीन द्वारा जापान को जाने वाले कई अहम खनिजों, खासकर रेयर अर्थ और रेयर मेटल्स के निर्यात पर रोक लगाने से पूर्वी एशिया की सप्लाई चेन में नई चिंता पैदा हो गई है। यह कदम जनवरी 2026 से लागू हुआ और इसका असर रक्षा, ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स और एयरोस्पेस जैसे क्षेत्रों पर पड़ सकता है। यह फैसला केवल व्यापारिक नहीं, बल्कि रणनीतिक भी माना जा रहा है, क्योंकि इसका संबंध जापान-चीन के बीच बढ़े कूटनीतिक तनाव से जोड़ा जा रहा है।
क्यों अहम है यह फैसला
रेयर अर्थ तत्व आधुनिक उद्योगों की रीढ़ माने जाते हैं। इनका उपयोग हाई-परफॉर्मेंस मैग्नेट, इलेक्ट्रिक वाहनों, पवन टर्बाइनों, लेजर और एयरोस्पेस उपकरणों में होता है। चीन इन खनिजों की प्रोसेसिंग और मैग्नेट उत्पादन में बेहद मजबूत स्थिति रखता है। वैश्विक रेयर अर्थ मैग्नेट उत्पादन और रिफाइनिंग में चीन की हिस्सेदारी 90 प्रतिशत से अधिक बताई जाती है। ऐसे में जापान जैसे औद्योगिक देश के लिए यह रोक आपूर्ति जोखिम बढ़ाती है।
जापान पर असर और चीन की रणनीति
जापानी ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स और रक्षा उद्योग चीन से आयातित महत्वपूर्ण खनिजों पर काफी निर्भर हैं। चीन के कस्टम्स आंकड़ों के अनुसार जून 2026 में जापान को गैलियम, डिस्प्रोसियम, टर्बियम और यट्रियम का निर्यात नहीं हुआ। इससे संकेत मिलता है कि प्रतिबंध का असर केवल घोषणा तक सीमित नहीं रहा, बल्कि वास्तविक व्यापार प्रवाह पर भी पड़ा।चीन के वाणिज्य मंत्रालय ने 6 जनवरी 2026 के आसपास रेयर अर्थ तत्वों और रेयर-अर्थ मैग्नेट्स पर निर्यात नियंत्रण की घोषणा की थी। इसके बाद फरवरी 2026 में चीन ने 20 जापानी कंपनियों के लिए डुअल-यूज वस्तुओं पर नियंत्रण कड़ा किया और 20 अन्य कंपनियों को निगरानी सूची में डाल दिया। डुअल-यूज वस्तुएं वे होती हैं जिनका उपयोग नागरिक और सैन्य, दोनों उद्देश्यों के लिए हो सकता है।
रेयर अर्थ क्या होते हैं
रेयर अर्थ वास्तव में पृथ्वी में बहुत दुर्लभ नहीं होते, लेकिन उन्हें अलग करना और शुद्ध करना कठिन होता है। इनमें 17 रासायनिक रूप से मिलते-जुलते तत्व शामिल होते हैं, जिनमें लैंथेनाइड्स के साथ स्कैंडियम और यट्रियम भी आते हैं। डिस्प्रोसियम और टर्बियम जैसे तत्व गर्मी सहने वाले स्थायी मैग्नेट बनाने में खास महत्व रखते हैं। यही कारण है कि इनकी आपूर्ति पर नियंत्रण सीधे हाई-टेक उद्योगों को प्रभावित करता है।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- रेयर अर्थ तत्व 17 धात्विक तत्वों का समूह हैं, जिनमें लैंथेनाइड्स, स्कैंडियम और यट्रियम शामिल हैं।
- चीन वैश्विक रेयर अर्थ मैग्नेट उत्पादन और रिफाइनिंग में 90 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी रखता है।
- 2010 में सेनकाकू/दियाओयू द्वीप विवाद के दौरान भी चीन ने जापान को रेयर अर्थ निर्यात सीमित किया था।
- मार्च 2026 में जापान और अमेरिका ने क्रिटिकल मिनरल्स एक्शन प्लान शुरू किया था।
यह घटनाक्रम दिखाता है कि आधुनिक भू-राजनीति में खनिज संसाधन केवल आर्थिक संपत्ति नहीं, बल्कि रणनीतिक दबाव का भी साधन बन चुके हैं। जापान के लिए यह स्थिति सप्लाई चेन विविधीकरण की जरूरत को और मजबूत करती है, जबकि वैश्विक स्तर पर यह मामला क्रिटिकल मिनरल्स की सुरक्षा और निर्भरता पर नई बहस को जन्म देता है।