अभिनंदन वर्थमान का नागरिक उड्डयन में नया सफर
भारतीय वायुसेना के पूर्व ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्थमान ने अब नागरिक उड्डयन में नई पारी शुरू की है। उन्होंने गोवा-आधारित क्षेत्रीय एयरलाइन FLY91 में कमर्शियल पायलट के रूप में काम शुरू किया है। सैन्य सेवा से हटने के बाद उनका यह कदम भारतीय विमानन जगत में खास चर्चा का विषय बना हुआ है।
वायुसेना से नागरिक उड्डयन तक का सफर
अभिनंदन वर्थमान ने करीब 22 वर्षों तक भारतीय वायुसेना में सेवा दी। 31 मार्च 2026 को उन्होंने सैन्य विमानन से सेवानिवृत्ति ली और इसके बाद नागरिक उड्डयन की ओर रुख किया। वायुसेना में अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने लड़ाकू विमानों को उड़ाया और कई अहम अभियानों का हिस्सा रहे।
उनका नाम 27 फरवरी 2019 की हवाई मुठभेड़ के बाद देशभर में व्यापक रूप से जाना गया, जब उन्होंने नियंत्रण रेखा के ऊपर मिग-21 बाइसन उड़ाया था। उस घटना के बाद वे पाकिस्तान में तीन दिन तक हिरासत में रहे।
वीरता सम्मान और नई जिम्मेदारी
नवंबर 2021 में भारत के राष्ट्रपति ने उन्हें वीर चक्र से सम्मानित किया था। यह भारत का तीसरा सर्वोच्च युद्धकालीन वीरता पदक है। सैन्य सेवा में उनके योगदान और साहसिक भूमिका के कारण वे देश के सबसे चर्चित सैन्य अधिकारियों में शामिल रहे हैं।
FLY91 में शामिल होने के बाद वे अब क्षेत्रीय वाणिज्यिक उड़ानों के लिए टाइप ट्रेनिंग और नियामकीय मंजूरी की प्रक्रिया से गुजर रहे हैं। यह चरण किसी भी पायलट के लिए जरूरी होता है, ताकि वह विशेष प्रकार के विमान को व्यावसायिक रूप से उड़ा सके।
FLY91 और क्षेत्रीय विमानन की भूमिका
FLY91 गोवा-आधारित एक क्षेत्रीय एयरलाइन है, जिसने मार्च 2024 में वाणिज्यिक परिचालन शुरू किया था। 3 सितंबर 2026 तक इसके पास गोवा और हैदराबाद स्थित बेस से छह ATR 72-600 विमान संचालित हो रहे थे। ATR 72-600 एक ट्विन-इंजन टर्बोप्रॉप विमान है, जिसका उपयोग क्षेत्रीय हवाई सेवाओं में व्यापक रूप से किया जाता है।
अभिनंदन वर्थमान का इस एयरलाइन से जुड़ना इस बात का संकेत है कि सैन्य विमानन में अनुभव रखने वाले अधिकारी नागरिक उड्डयन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बढ़ाने में ऐसे अनुभवी पायलटों की मौजूदगी एयरलाइन संचालन के लिए अहम मानी जाती है।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- वीर चक्र भारत का तीसरा सर्वोच्च युद्धकालीन वीरता पदक है।
- मिग-21 बाइसन, सोवियत मूल के मिग-21 लड़ाकू विमान का उन्नत संस्करण है।
- नियंत्रण रेखा जम्मू-कश्मीर के भारतीय और पाकिस्तानी प्रशासन वाले हिस्सों को अलग करती है।
- ATR 72-600 क्षेत्रीय उड़ानों में इस्तेमाल होने वाला ट्विन-इंजन टर्बोप्रॉप विमान है।
अभिनंदन वर्थमान का नागरिक उड्डयन में प्रवेश उनके करियर का नया अध्याय है। यह कदम सैन्य अनुभव और व्यावसायिक विमानन के बीच एक महत्वपूर्ण सेतु के रूप में देखा जा रहा है।