वैश्विक भूख सूचकांक में पाकिस्तान की गंभीर स्थिति

वैश्विक भूख सूचकांक में पाकिस्तान की गंभीर स्थिति

वैश्विक भूख सूचकांक 2026 में पाकिस्तान को 100 में से 25.5 अंक मिले और पर्याप्त आँकड़े उपलब्ध कराने वाले 122 देशों में उसे 106वाँ स्थान मिला। यह अंक ‘गंभीर’ भूख श्रेणी में आता है। रिपोर्ट की विषयवस्तु थी—‘खाद्य सुरक्षा के बिना कोई सुरक्षा नहीं’।

चार संकेतकों पर आधारित है सूचकांक

वैश्विक भूख सूचकांक किसी देश में भूख और पोषण की स्थिति का आकलन चार संकेतकों से करता है: अल्पपोषण, बाल दुबलापन, बाल अवरुद्ध विकास और पाँच वर्ष से कम उम्र के बच्चों की मृत्यु दर। अल्पपोषण से आशय आबादी के उस हिस्से से है जिसे भोजन से पर्याप्त ऊर्जा नहीं मिलती। बाल दुबलापन बच्चे की लंबाई के अनुपात में कम वजन को, जबकि अवरुद्ध विकास उम्र के अनुपात में कम लंबाई को दर्शाता है।

सूचकांक का अंक शून्य से 100 के बीच होता है और कम अंक बेहतर स्थिति दिखाते हैं। 20.0 से 34.9 के बीच का अंक ‘गंभीर’, जबकि 35.0 से 49.9 का अंक ‘चिंताजनक’ श्रेणी में रखा जाता है। 2026 की रिपोर्ट वेल्थुंगरहिल्फे, रुहर विश्वविद्यालय बोखुम के शांति और सशस्त्र संघर्ष संबंधी अंतरराष्ट्रीय कानून संस्थान तथा हेल्वेटास ने संयुक्त रूप से तैयार की।

पाकिस्तान में कुपोषण की चुनौती

रिपोर्ट के अनुसार पाकिस्तान की 16.1 प्रतिशत आबादी अल्पपोषित है। पाँच वर्ष से कम उम्र के बच्चों में 33.6 प्रतिशत का विकास अवरुद्ध है और 9.8 प्रतिशत बच्चे दुबलेपन से प्रभावित हैं। इसी आयु वर्ग की मृत्यु दर 5.6 प्रतिशत दर्ज की गई। ये आँकड़े बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य से जुड़ी व्यापक चुनौती को रेखांकित करते हैं।

पाकिस्तान का सूचकांक अंक वर्ष 2000 के 36.2 से घटकर 2026 में 25.5 हुआ है, जो दीर्घकालीन अवधि में सुधार दर्शाता है। हालांकि, रिपोर्ट 2018 के बाद परिस्थितियों में गिरावट का उल्लेख करती है। आर्थिक अस्थिरता, खाद्य पदार्थों की बढ़ती कीमतें और जलवायु से जुड़ी चुनौतियाँ वहाँ खाद्य असुरक्षा से जुड़े कारकों में शामिल हैं।

दक्षिण एशिया में पाकिस्तान की स्थिति

दक्षिण एशिया का समग्र सूचकांक अंक 23.5 रहा, जो ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है। पाकिस्तान का 25.5 का अंक क्षेत्रीय औसत से खराब है। दक्षिण एशिया में अफगानिस्तान का अंक 28.6 रहा; इसलिए पाकिस्तान इस क्षेत्र में अफगानिस्तान के बाद दूसरा सबसे खराब प्रदर्शन करने वाला देश है। यह तुलना बताती है कि खाद्य असुरक्षा क्षेत्रीय स्तर पर भी एक महत्त्वपूर्ण चुनौती बनी हुई है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • वैश्विक भूख सूचकांक के चार संकेतक अल्पपोषण, बाल दुबलापन, बाल अवरुद्ध विकास और पाँच वर्ष से कम उम्र के बच्चों की मृत्यु दर हैं।
  • 20.0 से 34.9 का सूचकांक अंक ‘गंभीर’ भूख श्रेणी में आता है।
  • 2026 में पाकिस्तान का अंक 25.5 और पर्याप्त आँकड़े वाले 122 देशों में स्थान 106वाँ रहा।
  • 2026 में दक्षिण एशिया का अंक 23.5 और अफगानिस्तान का अंक 28.6 था।

पाकिस्तान के दीर्घकालीन सूचकांक में सुधार के बावजूद, हाल के वर्षों की गिरावट और बच्चों से जुड़े पोषण संकेतक खाद्य सुरक्षा की चुनौती को उजागर करते हैं।

Originally written on October 16, 2026 and last modified on October 16, 2026.

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