ल्यूमिना सिमुलेशन से खुलेगा शुरुआती ब्रह्मांड का विकास

ल्यूमिना सिमुलेशन से खुलेगा शुरुआती ब्रह्मांड का विकास

हार्वर्ड-स्मिथसोनियन सेंटर फॉर एस्ट्रोफिजिक्स, एमआईटी और हार्वर्ड विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने 26 अक्टूबर 2026 को ‘ल्यूमिना’ नामक ब्रह्मांडीय सिमुलेशन प्रस्तुत किया। यह ब्रह्मांड के शुरुआती दो अरब वर्षों में साधारण पदार्थ, डार्क मैटर और विकिरण के बीच होने वाली प्रक्रियाओं का मॉडल तैयार करता है।

पहले तारों और आकाशगंगाओं के बनने की पड़ताल

बिग बैंग मॉडल के अनुसार, ब्रह्मांड का विस्तार एक अत्यंत गर्म और घनी अवस्था से शुरू हुआ। शुरुआती काल में गुरुत्वाकर्षण के कारण गैस एकत्र हुई और उससे पहले तारे तथा आकाशगंगाएं बनीं। इसी दौर में ब्लैक होल भी विकसित हुए। ल्यूमिना इन घटनाओं को अलग-अलग करके देखने के बजाय, पदार्थ और विकिरण की परस्पर क्रिया सहित विकसित होते ब्रह्मांड के व्यापक परिदृश्य में रखता है।

इस सिमुलेशन में हाइड्रोजन और हीलियम के पुनःआयनीकरण को भी शामिल किया गया है। पुनःआयनीकरण वह प्रक्रिया है जिसमें ऊर्जावान विकिरण अंतरिक्ष में फैली गैस के उदासीन परमाणुओं को आयनित करता है। चूंकि हाइड्रोजन और हीलियम ब्रह्मांड के सबसे प्रचुर तत्व हैं, इसलिए उनके व्यवहार को मॉडल में शामिल करना शुरुआती ब्रह्मांड की स्थितियों को समझने के लिए महत्त्वपूर्ण है।

विशाल क्षेत्र और उच्च क्षमता वाली गणना

ल्यूमिना में अंतरिक्ष का ऐसा क्षेत्र शामिल है जिसकी प्रत्येक भुजा लगभग 1.5 से 1.6 अरब प्रकाश-वर्ष लंबी है। इसका आयतन पहले के तुलनीय सिमुलेशन से 100 गुना से अधिक है। इतने बड़े पैमाने पर गणना के लिए शोधकर्ताओं ने अमेरिका के टेनेसी राज्य स्थित ओक रिज राष्ट्रीय प्रयोगशाला के ‘फ्रंटियर’ सुपरकंप्यूटर का उपयोग किया। गणना में 15,000 से अधिक ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट और एक लाख से अधिक केंद्रीय प्रसंस्करण इकाइयां शामिल थीं।

सिमुलेशन की भविष्यवाणियों की तुलना दूरबीनों से प्राप्त अवलोकनों से की जा सकती है। इससे वैज्ञानिक ब्रह्मांड के विकास से जुड़े अलग-अलग सिद्धांतों को परख सकेंगे। जेम्स वेब अंतरिक्ष दूरबीन मुख्यतः अवरक्त तरंगदैर्घ्य में ब्रह्मांड का निरीक्षण करती है, जबकि नैंसी रोमन अंतरिक्ष दूरबीन व्यापक क्षेत्र के खगोलीय सर्वेक्षणों के लिए बनाई गई नासा की वेधशाला है।

प्रकाशन और समानांतर शोध

ल्यूमिना से जुड़े निष्कर्ष 26 अक्टूबर 2026 से ‘मंथली नोटिसेज ऑफ द रॉयल एस्ट्रोनॉमिकल सोसायटी’ में प्रकाशित होने शुरू हुए। यह रॉयल एस्ट्रोनॉमिकल सोसायटी की सहकर्मी-समीक्षित शोध पत्रिका है। इससे पहले, सितंबर के अंत और अक्टूबर 2026 की शुरुआत में ‘मेगाट्रॉन’ परियोजना ने भी शुरुआती ब्रह्मांड के सिमुलेशन जारी किए थे। शिकागो विश्वविद्यालय के हार्ले कैट्ज के नेतृत्व वाली यह परियोजना शुरुआती अरबों वर्षों में आकाशगंगा के विकास, उसकी संरचना और तत्वों के निर्माण का अध्ययन करती है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • फ्रंटियर सुपरकंप्यूटर ओक रिज राष्ट्रीय प्रयोगशाला, टेनेसी में स्थित है।
  • हाइड्रोजन और हीलियम ब्रह्मांड के दो सबसे प्रचुर तत्व हैं।
  • जेम्स वेब अंतरिक्ष दूरबीन मुख्यतः अवरक्त तरंगदैर्घ्य में अवलोकन करती है।
  • ‘मंथली नोटिसेज ऑफ द रॉयल एस्ट्रोनॉमिकल सोसायटी’ रॉयल एस्ट्रोनॉमिकल सोसायटी की शोध पत्रिका है।

ल्यूमिना का बड़ा सिमुलेशन शुरुआती ब्रह्मांड की जटिल प्रक्रियाओं को एक साथ समझने और दूरबीनों के अवलोकनों से उनकी जांच करने का नया अवसर देता है।

Originally written on October 28, 2026 and last modified on October 28, 2026.

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