भूकंप के बाद इमारतों की जांच में मददगार ‘सेंटिनल’ को वैश्विक सम्मान

भूकंप के बाद इमारतों की जांच में मददगार ‘सेंटिनल’ को वैश्विक सम्मान

फिलीपींस के संरचनात्मक अभियंता एल्ड्रेई ओंग को 4 नवंबर 2026 को जेम्स डायसन वैश्विक सततता पुरस्कार मिला। उनका नवाचार ‘सेंटिनल’ भूकंप के बाद कंक्रीट की इमारतों में छिपी दरारों और नुकसान का पता लगाने के लिए बनाया गया कम लागत वाला संवेदक है। इसका उद्देश्य प्रभावित क्षेत्रों में इमारतों की सुरक्षा जांच को तेज और अधिक सटीक बनाने में मदद करना है।

कंक्रीट का हिस्सा बनेगा संवेदक

सेंटिनल सामान्य कंक्रीट स्पेसर ब्लॉक को संवेदक में बदलता है। इसमें ऐसे कंक्रीट का उपयोग किया गया है जो खुद अपनी विद्युत विशेषताओं में बदलाव के जरिए नुकसान का संकेत दे सकता है। कंक्रीट में दरार या अन्य क्षति होने पर उसका विद्युत प्रतिरोध बदलता है; उपकरण इसी बदलाव को पहचानने के लिए बनाया गया है। इस तरह इमारत के भीतर छिपे नुकसान की सूचना मिल सकती है, जिसे केवल बाहरी नजर से देख पाना कठिन हो सकता है।

भूकंप-संवेदनशील फिलीपींस जैसे देशों में यह तकनीक शुरुआती चेतावनी देने और जांच दलों को उन इमारतों की पहचान में मदद कर सकती है, जिन्हें आगे विस्तृत मूल्यांकन की जरूरत है। हालांकि, संवेदक से मिला संकेत अपने आप में किसी इमारत को सुरक्षित घोषित करने का विकल्प नहीं है।

पुरस्कार के बाद आगे की योजना

ओंग को इस पुरस्कार के तहत 23.9 लाख फिलीपीन पेसो, यानी लगभग 30 हजार पाउंड की राशि मिलेगी। वह तकनीक का सत्यापन करने, हाथ से जोड़े गए इलेक्ट्रॉनिक पुर्जों की जगह विशेष रूप से तैयार मुद्रित परिपथ पट्ट लगाने और मौजूदा इमारतों में इस्तेमाल किए जा सकने वाले संस्करण विकसित करने की योजना बना रहे हैं। ये कदम उपकरण को व्यवहार में उपयोगी बनाने और अलग-अलग इमारतों में लगाने की संभावनाएं परखने के लिए महत्वपूर्ण होंगे।

2026 की प्रतियोगिता में 28 देशों और क्षेत्रों के विश्वविद्यालयी विद्यार्थियों तथा हाल में स्नातक हुए युवाओं से रिकॉर्ड 2,294 प्रविष्टियां मिलीं। फिलीपींस को यह वैश्विक सततता सम्मान छह वर्ष बाद मिला है। इससे पहले 2020 में कार्वे एहरेन मैगुइग ने यह सम्मान जीता था।

भूकंप के बाद जांच में तकनीक की भूमिका

भूकंप के बाद सीमित समय और संसाधनों में इमारतों की प्राथमिक जांच करना जरूरी होता है। त्वरित दृश्य जांच के जरिए उन संरचनाओं को प्राथमिकता दी जाती है जिनका विशेषज्ञों से विस्तृत मूल्यांकन कराया जाना चाहिए। सेंटिनल जैसी तकनीक छिपी क्षति के संकेत उपलब्ध कराकर इस प्रक्रिया में सहायक हो सकती है, लेकिन कंक्रीट का विद्युत प्रतिरोध नमी, तापमान और उसमें मौजूद आयनिक तत्वों से भी प्रभावित होता है। इसलिए उपयोग के दौरान मापन का अंशांकन या पर्यावरणीय प्रभावों का समायोजन जरूरी हो सकता है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • जेम्स डायसन पुरस्कार विश्वविद्यालय स्तर के विद्यार्थियों और हाल में स्नातक हुए युवाओं के लिए है; इसमें किसी समस्या का समाधान करने वाले डिजाइनों को मान्यता दी जाती है।
  • चालक कणों वाले सीमेंट मिश्रण में दबाव या विकृति से कणों के बीच संपर्क बदल सकता है और विद्युत प्रतिरोध में बदलाव आ सकता है। इसे पीजोरेसिस्टिव प्रतिक्रिया कहा जाता है।
  • कंक्रीट में विद्युत प्रतिरोध पर नमी, तापमान और आयनिक तत्वों का असर पड़ सकता है; इसलिए सटीक मापन के लिए अंशांकन उपयोगी है।
  • भूकंप के बाद त्वरित दृश्य जांच इमारतों को आगे की विस्तृत जांच के लिए प्राथमिकता देने की विधि है; यह संरचना की सुरक्षा का प्रमाणपत्र नहीं होती।

सेंटिनल का अगला चरण इसकी विश्वसनीयता और मौजूदा इमारतों में उपयोग की जांच करना है। सफल होने पर यह भूकंप के बाद नुकसान पहचानने की प्रक्रिया को अधिक लक्षित बनाने में योगदान दे सकता है।

Originally written on November 5, 2026 and last modified on November 5, 2026.

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