तान्या चौधरी ने भाला नहीं, हैमर थ्रो में रचा नया राष्ट्रीय कीर्तिमान
उत्तर प्रदेश की 22 वर्षीय एथलीट तान्या चौधरी ने महिलाओं की हैमर थ्रो स्पर्धा में नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाकर भारतीय एथलेटिक्स में बड़ी उपलब्धि दर्ज की है। उन्होंने 10 सितंबर 2026 को नई दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित इंडियन एथलेटिक्स सीरीज फाइनल में 68.35 मीटर का थ्रो किया और स्वर्ण पदक जीता। इस प्रदर्शन के साथ उन्होंने अंशुका यादव के पिछले राष्ट्रीय रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया।
नई दिल्ली में रिकॉर्ड थ्रो और स्वर्ण पदक
तान्या चौधरी का यह थ्रो भारतीय महिलाओं की हैमर थ्रो में लगातार बेहतर हो रहे स्तर का संकेत है। फाइनल में अंशुका यादव ने 66.34 मीटर का प्रयास किया और दूसरे स्थान पर रहीं। तान्या का 68.35 मीटर का थ्रो न केवल स्वर्ण पदक के लिए पर्याप्त रहा, बल्कि राष्ट्रीय रिकॉर्ड में भी नया मानक बन गया।
जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम देश के प्रमुख एथलेटिक्स स्थलों में गिना जाता है, जहां राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की कई प्रतियोगिताएं हो चुकी हैं। ऐसे मंच पर रिकॉर्ड बनना खिलाड़ी की तकनीक, मानसिक मजबूती और प्रतिस्पर्धी तैयारी, तीनों को दर्शाता है।
तान्या की तैयारी और संघर्ष की कहानी
तान्या चौधरी उत्तर प्रदेश के बागपत में श्री कृष्ण इंटर कॉलेज ग्राउंड पर कोच सचिन यादव के मार्गदर्शन में प्रशिक्षण लेती हैं। यह मैदान भारतीय हैमर थ्रो खिलाड़ियों के लिए एक उभरता हुआ प्रशिक्षण केंद्र माना जाता है। तान्या का यह प्रदर्शन इसलिए भी खास है क्योंकि 2026 सीजन में उन्हें घुटने में बेकर्स सिस्ट, जांघ की हड्डी में स्ट्रेस इंजरी और अप्रैल 2026 में एमआरआई से सामने आई एसीएल समस्या जैसी चोटों से उबरना पड़ा था।
इसके बावजूद उन्होंने वापसी करते हुए शीर्ष स्तर पर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दिया। भारतीय खेलों में ऐसे उदाहरण युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बनते हैं, खासकर तब जब चोट और रिकवरी के बाद भी खिलाड़ी रिकॉर्ड स्तर तक पहुंचता है।
हैमर थ्रो और भारतीय एथलेटिक्स का संदर्भ
महिलाओं की हैमर थ्रो एक फील्ड इवेंट है, जिसमें खिलाड़ी धातु के गोले को तार और ग्रिप से जुड़े उपकरण के साथ घुमाकर फेंकती हैं। वरिष्ठ महिला वर्ग में इसका मानक वजन 4 किलोग्राम होता है। यह स्पर्धा विश्व एथलेटिक्स के नियमों के तहत आयोजित होती है। भारत में एथलेटिक्स का संचालन एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया करता है।
इसी प्रतियोगिता में नीरभय चौधरी ने पुरुषों की हैमर थ्रो में 71.02 मीटर के साथ राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया, जिससे यह मीट भारतीय हैमर थ्रो के लिए यादगार बन गई। तान्या को एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया की प्रोत्साहन योजना के तहत 1 लाख रुपये की नकद राशि भी मिली।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- महिलाओं की वरिष्ठ हैमर थ्रो स्पर्धा में 4 किलोग्राम का हथौड़ा उपयोग होता है।
- भारत में एथलेटिक्स का राष्ट्रीय संचालन एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया करता है।
- जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम, नई दिल्ली, देश के प्रमुख एथलेटिक्स स्थलों में शामिल है।
- इंडियन एथलेटिक्स सीरीज फाइनल घरेलू एथलेटिक्स कैलेंडर की एक महत्वपूर्ण प्रतियोगिता है।
तान्या चौधरी का यह राष्ट्रीय रिकॉर्ड भारतीय महिलाओं की फील्ड स्पर्धाओं में बढ़ती प्रतिस्पर्धा और तकनीकी सुधार का संकेत है। अब उनकी नजरें जापान में होने वाले एशियाई खेलों पर होंगी, जहां उनसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।