रिशभ दास ने 200 मीटर बैकस्ट्रोक में नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया

रिशभ दास ने 200 मीटर बैकस्ट्रोक में नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया

एशियन गेम्स 2026 में भारतीय तैराक रिशभ दास ने पुरुषों की 200 मीटर बैकस्ट्रोक स्पर्धा में नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाकर ध्यान खींचा। 25 सितंबर 2026 को जापान के आइची-नागोया में हुए फाइनल में उन्होंने 1:58.77 का समय निकाला और छठा स्थान हासिल किया। यह प्रदर्शन इसलिए खास रहा क्योंकि उन्होंने अपना ही पिछला राष्ट्रीय रिकॉर्ड तोड़ा, जो 1:59.84 था।

रिकॉर्ड में लगातार सुधार

19 वर्षीय रिशभ दास का यह प्रदर्शन एक लंबी प्रगति का नतीजा है। उन्होंने जून 2025 में भुवनेश्वर में आयोजित 78वीं सीनियर नेशनल एक्वेटिक चैंपियनशिप में 2:00.65 का समय निकालकर पहली बार राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया था और कांस्य पदक जीता था। इसके बाद मार्च 2026 में सिडनी में NSW स्टेट ओपन चैंपियनशिप में उन्होंने इसे 2:00.14 तक सुधारा।

मई 2026 में सिडनी ओपन मीट में वे लंबे पूल में 200 मीटर बैकस्ट्रोक को दो मिनट से कम समय में पूरा करने वाले पहले भारतीय बने। तब उनका समय 1:59.84 रहा था। एशियन गेम्स में 1:58.77 का प्रदर्शन इस क्रम में अगला बड़ा कदम साबित हुआ।

200 मीटर बैकस्ट्रोक क्यों अहम है

200 मीटर बैकस्ट्रोक प्रतिस्पर्धी तैराकी की एक मानक व्यक्तिगत स्पर्धा है, जो 50 मीटर के पूल में चार लंबाई की होती है। इसमें खिलाड़ी पीठ के बल तैरते हैं और शुरुआत भी पानी में ही करते हैं। यह स्पर्धा ओलंपिक खेलों, एशियन गेम्स और वर्ल्ड एक्वेटिक्स चैंपियनशिप जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों का हिस्सा रहती है।

बैकस्ट्रोक में तकनीक, लय, मोड़ और स्टैमिना का संतुलन बेहद महत्वपूर्ण होता है। इसलिए इस इवेंट में समय में मामूली सुधार भी खिलाड़ी की अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा क्षमता को दर्शाता है।

एशियन गेम्स में भारतीय तैराकी की अहमियत

एशियन गेम्स में तैराकी 1951 से शामिल है, यानी पहले संस्करण से ही यह खेल कार्यक्रम का हिस्सा रहा है। इसमें फ्रीस्टाइल, बैकस्ट्रोक, ब्रेस्टस्ट्रोक, बटरफ्लाई, मेडले और रिले जैसी स्पर्धाएं होती हैं। पुरुषों की 200 मीटर बैकस्ट्रोक जैसी स्पर्धाएं भारतीय तैराकों के लिए तकनीकी मजबूती और अंतरराष्ट्रीय अनुभव का बड़ा पैमाना मानी जाती हैं।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • 200 मीटर बैकस्ट्रोक 50 मीटर के पूल में चार लंबाई की स्पर्धा होती है।
  • रिशभ दास ने एशियन गेम्स 2026 में 1:58.77 का समय निकाला।
  • उन्होंने मई 2026 में लंबे पूल में दो मिनट से कम समय का आंकड़ा पहली बार पार किया था।
  • एशियन गेम्स में तैराकी 1951 से शामिल है।

रिशभ दास का यह रिकॉर्ड भारतीय तैराकी में निरंतर सुधार का संकेत है और यह दिखाता है कि भारतीय खिलाड़ी अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर समय और तकनीक, दोनों मोर्चों पर मजबूत चुनौती पेश कर रहे हैं।

Originally written on September 26, 2026 and last modified on September 26, 2026.

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