कटक के पास ओडिशा का नया सेमीकंडक्टर हब औद्योगिक नक्शा बदलने की तैयारी

कटक के पास ओडिशा का नया सेमीकंडक्टर हब औद्योगिक नक्शा बदलने की तैयारी

ओडिशा ने कटक के पास नरज में 870 एकड़ में ‘ओडिशा सिलिकॉन वैली’ विकसित करने की योजना सामने रखी है। यह परियोजना सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी उद्योगों को केंद्र में रखकर तैयार की जा रही है। नई औद्योगिक पहल को राज्य की उस रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है, जिसके तहत ओडिशा खुद को उन्नत विनिर्माण और तकनीकी निवेश के बड़े केंद्र के रूप में स्थापित करना चाहता है।

नरज क्यों चुना गया

प्रस्तावित हब कटक के पास नरज में बनाया जाएगा, जो कटक-भुवनेश्वर शहरी गलियारे के करीब है। यह स्थान महानदी नदी के भी निकट है, इसलिए जल और बिजली जैसी भारी जरूरतों वाले उद्योगों के लिए इसे उपयुक्त माना जा रहा है। सेमीकंडक्टर निर्माण इकाइयों के लिए स्थिर जलापूर्ति, ऊर्जा उपलब्धता और बेहतर लॉजिस्टिक्स बेहद महत्वपूर्ण होते हैं।

इसके अलावा इस क्षेत्र की मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी भी एक बड़ा लाभ है। नरज से पारादीप पोर्ट और धामरा पोर्ट तक संपर्क उपलब्ध है, साथ ही राष्ट्रीय राजमार्गों से भी जुड़ाव है। इससे कच्चे माल की आपूर्ति, तैयार उत्पादों की ढुलाई और निर्यात की संभावनाएं मजबूत हो सकती हैं।

सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स पर फोकस

यह परियोजना केवल एक औद्योगिक पार्क नहीं, बल्कि उन्नत तकनीकी विनिर्माण का आधार बनने की कोशिश है। इसमें सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग और आईटी परियोजनाओं को जगह दी जाएगी। भारत में सेमीकंडक्टर उद्योग को रणनीतिक क्षेत्र माना जाता है, क्योंकि चिप निर्माण से लेकर इलेक्ट्रॉनिक्स सप्लाई चेन तक इसका सीधा असर औद्योगिक आत्मनिर्भरता पर पड़ता है।

ओडिशा ने SEMICON India 2026 के दौरान लगभग 23,600 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त किए। इन प्रस्तावों से करीब 6,100 रोजगार सृजित होने की संभावना जताई गई है। राज्य सरकार ने भारत सेमीकंडक्टर मिशन से अनुमोदित परियोजनाओं को अतिरिक्त 25% वित्तीय सहायता देने की भी घोषणा की है, खासकर सेमीकंडक्टर उपकरण निर्माण, गैस, कच्चे माल और सप्लाई-चेन से जुड़े क्षेत्रों में।

निवेश, समझौते और अंतरराष्ट्रीय संपर्क

राज्य की औद्योगिक रणनीति में वैश्विक साझेदारी भी अहम भूमिका निभा रही है। क्वाडक्वांटम के साथ सिलिकॉन कार्बाइड सब्सट्रेट वेफर निर्माण सुविधा के लिए लेटर ऑफ इंटेंट पर हस्ताक्षर किए गए। मुख्यमंत्री ने जापान, स्वीडन और ताइवान के प्रतिनिधिमंडलों के साथ भी बातचीत की। इसके अलावा Lam Research, Applied Materials, SiCSem और 3D Glass Solutions जैसी कंपनियों के साथ चर्चा हुई।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • SEMICON India भारत के सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम और नीति-प्रचार से जुड़ा प्रमुख उद्योग आयोजन है।
  • सिलिकॉन कार्बाइड या SiC का उपयोग पावर इलेक्ट्रॉनिक्स और उच्च-प्रदर्शन सेमीकंडक्टर अनुप्रयोगों में होता है।
  • भारत सेमीकंडक्टर मिशन देश में सेमीकंडक्टर और डिस्प्ले निर्माण को बढ़ावा देने की केंद्रीय पहल है।
  • पारादीप पोर्ट और धामरा पोर्ट ओडिशा के प्रमुख समुद्री द्वार हैं, जो औद्योगिक लॉजिस्टिक्स के लिए महत्वपूर्ण हैं।

नरज में प्रस्तावित ‘ओडिशा सिलिकॉन वैली’ राज्य की औद्योगिक नीति को नई दिशा दे सकती है। यदि निवेश और बुनियादी ढांचे की योजनाएं समय पर आगे बढ़ती हैं, तो यह परियोजना ओडिशा को उन्नत इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर निर्माण के उभरते केंद्रों में शामिल कर सकती है।

Originally written on September 19, 2026 and last modified on September 19, 2026.

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