नवी पिल्लै को नोबेल शांति पुरस्कार, वैश्विक न्याय के प्रयासों को सम्मान
दक्षिण अफ्रीका की न्यायविद नवनथम ‘नवी’ पिल्लै को 9 अक्टूबर 2026 को नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया। नोबेल समिति ने अंतरराष्ट्रीय कानून को मजबूत करने और युद्ध अपराधों तथा नरसंहार के मामलों में जवाबदेही सुनिश्चित करने के उनके प्रयासों को इस सम्मान का आधार बताया। पुरस्कार की घोषणा ओस्लो में नॉर्वेजियन नोबेल समिति के अध्यक्ष योर्गेन वाट्ने फ्राइडनेस ने की।
अंतरराष्ट्रीय न्याय के लिए पिल्लै का योगदान
पिल्लै ने अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय में न्यायाधीश के रूप में कार्य किया और 2008 से 2014 तक संयुक्त राष्ट्र की मानवाधिकार उच्चायुक्त रहीं। उनके काम का एक प्रमुख पक्ष ऐसे अंतरराष्ट्रीय संस्थानों को मजबूत करना रहा है, जो गंभीर अपराधों की जांच और उनके लिए जिम्मेदार व्यक्तियों के अभियोजन में भूमिका निभाते हैं। समिति ने कहा कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कानून का शासन शांति तथा हिंसारहित ढंग से संघर्ष सुलझाने के लिए महत्वपूर्ण है।
पिल्लै के शुरुआती कानूनी कार्यों में नेल्सन मंडेला और रंगभेद के अन्य विरोधियों का बचाव करना शामिल था। दक्षिण अफ्रीका में रंगभेद ऐसी व्यवस्था थी जिसमें नस्ल के आधार पर लोगों को अलग रखा जाता था और उनके साथ भेदभाव किया जाता था। यह व्यवस्था 1948 से लेकर 1990 के दशक की शुरुआत तक लागू रही। पिल्लै का जीवन और काम इसी ऐतिहासिक संघर्ष से अंतरराष्ट्रीय न्याय के क्षेत्र तक फैला है।
नोबेल शांति पुरस्कार और अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय
नोबेल शांति पुरस्कार स्वीडिश आविष्कारक अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत से स्थापित छह नोबेल पुरस्कारों में से एक है। इसे नॉर्वेजियन नोबेल समिति प्रदान करती है, जिसके पांच सदस्यों की नियुक्ति नॉर्वे की संसद करती है। पहले नोबेल पुरस्कार 1901 में दिए गए थे। वर्ष 2026 का पुरस्कार इस सम्मान की 125वीं वर्षगांठ के अवसर पर दिया गया और समिति को इसके लिए 287 नामांकन प्राप्त हुए।
अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय रोम संविधि के तहत स्थापित एक स्थायी न्यायालय है। यह व्यक्तियों पर नरसंहार, मानवता के विरुद्ध अपराध, युद्ध अपराध और आक्रामकता के अपराध के लिए मुकदमा चलाता है। इसका मुख्यालय नीदरलैंड के हेग शहर में है। पिल्लै का इस न्यायालय और संयुक्त राष्ट्र में काम करना अंतरराष्ट्रीय कानून के अलग-अलग स्तरों पर उनके योगदान को दर्शाता है।
पुरस्कार राशि और समारोह
2026 के नोबेल शांति पुरस्कार के साथ स्वर्ण पदक और 1.2 करोड़ स्वीडिश क्रोनर की राशि दी जाएगी, जो लगभग 12 लाख अमेरिकी डॉलर के बराबर है। पुरस्कार समारोह 10 दिसंबर को ओस्लो में आयोजित होगा। यह तारीख अल्फ्रेड नोबेल की मृत्यु की बरसी है; उनका निधन 1896 में हुआ था। 9 अक्टूबर 2026 को पिल्लै की आयु 85 वर्ष थी।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत से नोबेल पुरस्कारों की स्थापना हुई और पहले पुरस्कार 1901 में दिए गए।
- नोबेल शांति पुरस्कार नॉर्वेजियन नोबेल समिति प्रदान करती है और इसका समारोह ओस्लो में होता है।
- अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय का मुख्यालय हेग, नीदरलैंड में है।
- नोबेल पुरस्कार समारोह की तारीख 10 दिसंबर, अल्फ्रेड नोबेल की मृत्यु की बरसी है।
नवी पिल्लै को मिला यह सम्मान अंतरराष्ट्रीय कानून और गंभीर अपराधों के लिए जवाबदेही तय करने के प्रयासों को वैश्विक पहचान देता है।