जटिल रोगों की पहचान में माइक्रोसॉफ्ट का एआई मॉडल चर्चा में

जटिल रोगों की पहचान में माइक्रोसॉफ्ट का एआई मॉडल चर्चा में

माइक्रोसॉफ्ट के शोधकर्ताओं ने 22 अक्टूबर 2026 को विज्ञान पत्रिका ‘साइंस’ में डायग्नोस्टिक ऑर्केस्ट्रेटर (DxO), जिसे माइक्रोसॉफ्ट एआई डायग्नोस्टिक ऑर्केस्ट्रेटर (MAI-DxO) भी कहा जाता है, पर अध्ययन प्रकाशित किया। यह प्रणाली जटिल चिकित्सकीय मामलों में सवाल पूछने, जांचें सुझाने और संभावित निदान को नए साक्ष्यों के आधार पर बदलने जैसे क्रमिक कदमों का समन्वय करती है।

एक बार में जवाब देने के बजाय क्रमिक जांच

क्लिनिकल निर्णय-सहायता प्रणालियां मरीज से जुड़ी जानकारी के आधार पर स्वास्थ्यकर्मियों को निदान और उपचार संबंधी फैसलों में मदद देती हैं। MAI-DxO किसी मामले का उत्तर एक ही चरण में देने के बजाय चिकित्सकों के समूह जैसी प्रक्रिया अपनाता है। यह पहले उपलब्ध जानकारी का आकलन करता है, फिर जरूरी सवाल या जांच तय करता है और परिणामों के अनुसार संभावित निदान में बदलाव करता है।

इसका समन्वय तंत्र बड़े भाषा मॉडल के साथ काम कर सकता है। अध्ययन में बताया गया कि इस तंत्र के उपयोग से GPT-5.5 की निदान सटीकता 72 प्रतिशत से बढ़कर करीब 87 प्रतिशत हुई। इसका उद्देश्य केवल संभावित बीमारी बताना नहीं, बल्कि उस तक पहुंचने की पूरी जांच-प्रक्रिया को व्यवस्थित करना है।

अध्ययन में दिखी सटीकता, पर सीमाएं भी

शोधकर्ताओं ने न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ मेडिसिन में प्रकाशित 304 जटिल चिकित्सकीय मामलों पर DxO का परीक्षण किया। इसमें प्रणाली की निदान सटीकता 83.2 प्रतिशत रही, जबकि खोज और संदर्भ साधनों का उपयोग करने वाले सामान्य चिकित्सकों का परिणाम 36.1 प्रतिशत था। आपातकालीन विभाग में भर्ती मरीजों के 325 मामलों के अलग समूह में DxO ने 80.3 प्रतिशत और चिकित्सकों ने 46.8 प्रतिशत सटीकता हासिल की।

ये आंकड़े चुने गए मामलों और परीक्षण परिस्थितियों से जुड़े हैं। इन्हें सभी अस्पतालों, मरीजों या वास्तविक उपचार स्थितियों में प्रणाली के प्रदर्शन का प्रमाण नहीं माना जा सकता। माइक्रोसॉफ्ट की योजना बोस्टन स्थित बेथ इज़राइल डीकॉनेस मेडिकल सेंटर में आपातकालीन विभाग के प्रतीक्षालय में मरीजों की प्राथमिक छंटाई के लिए इसका परीक्षण करने की है।

लागत का आकलन और साझा मानक

अध्ययन में उपयोग किए गए क्रमिक निदान मानक को SDBench कहा गया है। माइक्रोसॉफ्ट इसे खुला उपलब्ध करा रहा है, ताकि अलग-अलग निदान प्रणालियों की तुलना एक साझा आधार पर की जा सके। यह मानक प्रणालियों के क्रमिक निर्णयों का मूल्यांकन करने के लिए बनाया गया है।

अनुकरण-आधारित लागत विश्लेषण में DxO की अनुमानित लागत चिकित्सकों की तुलना में 20 प्रतिशत और सामान्य रूप से उपलब्ध OpenAI o3 मॉडल की तुलना में 70 प्रतिशत कम बताई गई। 2026 के आंकड़ों के अनुसार, बजट सीमा के बिना प्रति जटिल मामले की औसत लागत 5,431 डॉलर थी। बजट सीमा के साथ यह 2,241 डॉलर रही और सटीकता 80.9 प्रतिशत दर्ज की गई। चिकित्सकों की औसत लागत 4,725 डॉलर प्रति मामला थी।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • DxO का पूरा नाम डायग्नोस्टिक ऑर्केस्ट्रेटर है; यह क्रमिक चिकित्सकीय जांचों का समन्वय करता है।
  • SDBench का पूरा नाम सीक्वेंशियल डायग्नोसिस बेंचमार्क है।
  • न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ मेडिसिन में चिकित्सकीय मामलों का प्रकाशन निदान चर्चा और चिकित्सा शिक्षा में उपयोगी होता है।
  • प्रस्तावित अस्पताल परीक्षण का उद्देश्य आपातकालीन विभाग के प्रतीक्षालय में मरीजों की प्राथमिक छंटाई का आकलन करना है।

MAI-DxO के परिणाम जटिल मामलों में क्रमिक निदान की संभावनाएं दिखाते हैं, लेकिन अस्पतालों में इसका वास्तविक उपयोग और प्रभाव आगे के परीक्षणों से ही स्पष्ट होगा।

Originally written on October 23, 2026 and last modified on October 23, 2026.

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