IEVP 2026 में भारत की चुनाव प्रक्रिया को मिला वैश्विक सराहना
भारत की चुनावी प्रणाली ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बनाई है। इंटरनेशनल इलेक्शन विजिटर्स प्रोग्राम (IEVP) 2026 के तहत 22 देशों के 38 प्रतिनिधियों ने केरल, पुडुचेरी और असम के विधानसभा चुनावों का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने भारत की चुनाव प्रक्रिया की विशालता, सुव्यवस्था और जनभागीदारी की सराहना की। यह पहल भारत द्वारा वैश्विक स्तर पर चुनाव प्रबंधन की सर्वोत्तम प्रथाओं को साझा करने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों द्वारा चुनाव प्रक्रिया का अवलोकन
प्रतिनिधियों ने दो दिवसीय दौरे के दौरान विभिन्न मतदान क्षेत्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने सबसे पहले डिस्पैच और वितरण केंद्रों का दौरा किया, जहां से मतदान सामग्री और कर्मियों को व्यवस्थित तरीके से भेजा जाता है। इस दौरान उन्हें मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) के तहत किए जाने वाले कार्यों की जानकारी दी गई। मुख्य निर्वाचन अधिकारियों और सुरक्षा अधिकारियों के साथ बातचीत के माध्यम से उन्होंने चुनाव योजना, समन्वय और कानून-व्यवस्था की तैयारियों को समझा।
पारदर्शिता और निगरानी प्रणाली पर विशेष ध्यान
विदेशी प्रतिनिधियों के लिए चुनाव प्रक्रिया में तकनीक का उपयोग विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। उन्होंने उन नियंत्रण कक्षों का दौरा किया जहां से 100 प्रतिशत वेबकास्टिंग के जरिए मतदान केंद्रों की निगरानी की जाती है। सीसीटीवी और डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम के माध्यम से निरंतर निगरानी सुनिश्चित की जाती है, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूती मिलती है।
समावेशी सुविधाओं से बढ़ी मतदाता भागीदारी
मतदान के दिन प्रतिनिधियों ने मॉक ड्रिल का अवलोकन किया और विभिन्न जिलों के मतदान केंद्रों का दौरा किया। उन्होंने वहां उपलब्ध समावेशी सुविधाओं की सराहना की, जिनमें रैंप, व्हीलचेयर, स्वयंसेवक और क्रेच जैसी व्यवस्थाएं शामिल थीं। महिलाओं और दिव्यांगजनों द्वारा संचालित विशेष मतदान केंद्रों ने भारत की समावेशी और सहभागितापूर्ण लोकतांत्रिक प्रणाली को प्रदर्शित किया।
नवाचार और व्यापकता ने किया प्रभावित
प्रतिनिधियों ने चुनाव प्रक्रिया में अपनाए गए नवाचारों को भी सराहा। ड्रोन के माध्यम से निगरानी, मीडिया मॉनिटरिंग केंद्र और युवाओं को आकर्षित करने के लिए थीम आधारित मतदान केंद्र जैसे प्रयासों को सराहनीय बताया गया। कुछ क्षेत्रों में स्वास्थ्य जांच और पर्यावरण-अनुकूल पहल भी मतदान केंद्रों का हिस्सा थीं। इन सभी उपायों ने चुनाव को न केवल सुचारू बनाया, बल्कि मतदाताओं के अनुभव को भी बेहतर किया।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- इंटरनेशनल इलेक्शन विजिटर्स प्रोग्राम (IEVP) का आयोजन भारत का चुनाव आयोग करता है।
- इसका उद्देश्य वैश्विक चुनाव प्रबंधन संस्थाओं के साथ सहयोग बढ़ाना है।
- भारत में चुनावों के दौरान वेबकास्टिंग और मॉक पोल पारदर्शिता सुनिश्चित करते हैं।
- रैंप, व्हीलचेयर और विशेष मतदान केंद्र जैसी सुविधाएं समावेशी मतदान को बढ़ावा देती हैं।
IEVP 2026 के दौरान भारत की चुनावी प्रक्रिया ने यह साबित किया कि वह दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र के रूप में न केवल चुनाव कराने में सक्षम है, बल्कि नवाचार, पारदर्शिता और समावेशिता के जरिए वैश्विक मानकों को भी स्थापित कर रहा है।