योग महोत्सव 2026: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की 100-दिवसीय उलटी गिनती की शुरुआत
केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रतापराव जाधव ने नई दिल्ली में योग महोत्सव–2026 का उद्घाटन किया, जिसके साथ 2026 में मनाए जाने वाले 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के लिए 100-दिवसीय उलटी गिनती की औपचारिक शुरुआत हुई। इस कार्यक्रम का आयोजन आयुष मंत्रालय द्वारा किया गया था। इसका उद्देश्य योग को समग्र स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन और जीवनशैली प्रबंधन के एक प्रभावी माध्यम के रूप में वैश्विक स्तर पर बढ़ावा देना है। पिछले ग्यारह वर्षों में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस में विश्वभर में भागीदारी लगातार बढ़ी है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि योग को निवारक स्वास्थ्य देखभाल के महत्वपूर्ण साधन के रूप में स्वीकार किया जा रहा है।
गैर-संचारी रोगों के लिए योग प्रोटोकॉल
कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने “गैर-संचारी रोगों और विभिन्न लक्षित समूहों के लिए 10 योग प्रोटोकॉल” का शुभारंभ किया। इन प्रोटोकॉल को विभिन्न आयु वर्ग और शारीरिक स्थितियों को ध्यान में रखते हुए विकसित किया गया है। इनका उद्देश्य लोगों को शारीरिक स्वास्थ्य को मजबूत बनाने, मानसिक दृढ़ता बढ़ाने और बीमारियों की रोकथाम के लिए सक्रिय दृष्टिकोण अपनाने में सहायता करना है। यह पहल भारत की समग्र और निवारक स्वास्थ्य देखभाल की व्यापक नीति के अनुरूप है, जिसमें योग और पारंपरिक स्वास्थ्य पद्धतियों को महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है।
हवाई यात्रा के लिए विशेष योग प्रोटोकॉल
कार्यक्रम में “हवाई यात्रा के लिए योग” नामक एक नई पहल भी प्रस्तुत की गई। इसमें पांच मिनट की एक संक्षिप्त दिनचर्या शामिल है, जिसमें बैठकर किए जाने वाले योग अभ्यास, श्वसन तकनीकें और संक्षिप्त ध्यान अभ्यास शामिल हैं। इस अभ्यास को विशेष रूप से हवाई यात्रा के दौरान यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इससे यात्रा के दौरान होने वाले तनाव को कम करने, रक्त संचार को बेहतर बनाने, मांसपेशियों की असुविधा को दूर करने और मानसिक शांति बनाए रखने में मदद मिलती है।
योग 365 अभियान और डिजिटल पहल
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 की तैयारियों के तहत मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान ने “योग 365” अभियान के अंतर्गत हैबिल्ड के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। इस पहल का उद्देश्य लोगों को वर्षभर प्रतिदिन योग अभ्यास के लिए प्रेरित करना है। इसके लिए निःशुल्क ऑनलाइन सत्र आयोजित किए जाएंगे। साथ ही पंजीकरण को आसान बनाने के लिए एक टोल-फ्री नंबर भी शुरू किया गया। आयुष मंत्रालय ने आयुष ग्रिड के अंतर्गत विकसित एक कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित आसन सुधार उपकरण का भी उल्लेख किया, जो योगाभ्यास करने वालों को सही तरीके से योगासन करने में मार्गदर्शन देगा।
योग महोत्सव का वैश्विक ज्ञान मंच के रूप में महत्व
योग महोत्सव–2026 के दौरान कई तकनीकी सत्र आयोजित किए गए, जिनमें वृद्ध जनसंख्या के लिए योग, योग क्षेत्र में उद्यमिता और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के साथ योग के एकीकरण जैसे विषयों पर चर्चा की गई। चिकित्सा, अनुसंधान और योग अध्ययन से जुड़े विशेषज्ञों ने जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों के उपचार में योग की संभावनाओं पर विचार साझा किए। इस कार्यक्रम में 1,500 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 के लिए वैश्विक स्तर पर व्यापक भागीदारी की तैयारी की जा रही है। यह पहल समग्र स्वास्थ्य और कल्याण को बढ़ावा देने में भारत की नेतृत्वकारी भूमिका को भी मजबूत करती है।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- अंतरराष्ट्रीय योग दिवस हर वर्ष 21 जून को मनाया जाता है।
- पहला अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2015 में संयुक्त राष्ट्र के प्रस्ताव के बाद मनाया गया था।
- आयुष मंत्रालय योग से संबंधित राष्ट्रीय पहलों के समन्वय के लिए जिम्मेदार है।
- कॉमन योग प्रोटोकॉल में योगासन, प्राणायाम और ध्यान की मानक प्रक्रियाएं शामिल होती हैं।