भारत यात्रा पर सेशेल्स के राष्ट्रपति पैट्रिक हरमिनी: भारत-सेशेल्स संबंधों के 50 वर्ष पूरे
सेशेल्स के राष्ट्रपति पैट्रिक हरमिनी 5 से 10 फरवरी 2026 तक भारत की राजकीय यात्रा पर रहेंगे। अक्टूबर 2025 में पदभार ग्रहण करने के बाद यह उनकी पहली भारत यात्रा है। यह दौरा भारत और सेशेल्स के बीच राजनयिक संबंधों की 50वीं वर्षगांठ के अवसर पर हो रहा है, जिससे दोनों देशों के गहरे और सतत संबंधों को नया आयाम मिलेगा।
नई दिल्ली में उच्चस्तरीय बैठकें
विदेश मंत्रालय के अनुसार, राष्ट्रपति हरमिनी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे। इन बैठकों में द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा होगी। मुख्य फोकस क्षेत्रों में शामिल हैं:
- समुद्री सुरक्षा (Maritime Security)
- विकास सहयोग (Development Cooperation)
- जलवायु परिवर्तन
- बहुपक्षीय मंचों पर सहयोग
भारत के लिए सेशेल्स का रणनीतिक महत्व
सेशेल्स, भारत के लिए हिंद महासागर क्षेत्र (IOR) में एक प्रमुख समुद्री पड़ोसी है और “विजन महासागर (Vision MAHASAGAR)” में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। यह विजन क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा, आर्थिक सहयोग और सतत विकास को बढ़ावा देने पर केंद्रित है।
भारत ने सेशेल्स को रक्षा क्षमताओं के निर्माण, तटरक्षक निगरानी प्रणाली, और सुरक्षा अवसंरचना में सहयोग प्रदान किया है। साथ ही, सेशेल्स को भारत की ग्लोबल साउथ नीति में भी एक प्रमुख भागीदार के रूप में देखा जाता है।
आर्थिक सहयोग और नगर भ्रमण
राष्ट्रपति हरमिनी अपने दौरे के दौरान चेन्नई और मुंबई का भी भ्रमण करेंगे। यहां वे व्यावसायिक कार्यक्रमों में भाग लेंगे, जिनका उद्देश्य है:
- द्विपक्षीय निवेश को प्रोत्साहित करना
- पर्यटन, ब्लू इकोनॉमी, नवीकरणीय ऊर्जा, और अवसंरचना विकास जैसे क्षेत्रों में उद्योग जगत के साथ सहयोग बढ़ाना
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- सेशेल्स पश्चिमी हिंद महासागर में स्थित एक द्वीपीय राष्ट्र है।
- भारत और सेशेल्स के बीच राजनयिक संबंधों की स्थापना 1976 में हुई थी।
- विजन MAHASAGAR भारत की हिंद महासागर नीति का हिस्सा है, जो समुद्री सहयोग और क्षेत्रीय स्थिरता पर केंद्रित है।
- भारत ने सेशेल्स को तटरक्षक जहाज, रडार नेटवर्क और डिजिटल कनेक्टिविटी में सहायता दी है।
द्विपक्षीय संबंधों और जन-संपर्क को बल
यह यात्रा भारत-सेशेल्स संबंधों को नई गति और दिशा प्रदान करने की क्षमता रखती है। दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक संबंध, सांस्कृतिक समानताएं, और हिंद महासागर क्षेत्र में साझा हित इस भागीदारी को और मजबूत बनाते हैं। राष्ट्रपति हरमिनी की यह यात्रा विकास भागीदारी, जन-से-जन संपर्क, और साझा रणनीतिक सहयोग को और सशक्त करेगी।