नासा के SPHEREx मिशन ने इंटरस्टेलर धूमकेतु 3I/ATLAS में जैविक अणुओं की खोज की
नासा के अंतरिक्ष दूरबीन मिशन SPHEREx ने सौरमंडल से बाहर से आए दुर्लभ इंटरस्टेलर धूमकेतु 3I/ATLAS का सफलतापूर्वक अवलोकन किया है। यह अब तक का केवल तीसरा ऐसा धूमकेतु है जिसे पृथ्वी के पास से गुजरते हुए देखा गया। दिसंबर 2025 में की गई इन अवरक्त टिप्पणियों से इस रहस्यमयी आगंतुक में जैविक अणुओं और गहन धूमकेतु गतिविधियों के प्रमाण मिले हैं, जिससे सौर प्रभाव क्षेत्र से बाहर के पदार्थों की समझ में उल्लेखनीय प्रगति हुई है।
अवरक्त तकनीक से हुआ दुर्लभ आगंतुक का अवलोकन
SPHEREx ने अपनी अवरक्त क्षमताओं का उपयोग करते हुए 3I/ATLAS का अध्ययन तब किया जब वह सूर्य के सबसे निकट पहुंच चुका था। वैज्ञानिकों ने इसमें मेथेनॉल, सायनाइड और मीथेन जैसे जैविक अणुओं की उपस्थिति दर्ज की। हालांकि ये यौगिक पृथ्वी पर जीवन की प्रक्रियाओं से जुड़े हैं, लेकिन वैज्ञानिकों ने स्पष्ट किया कि अंतरिक्ष में ये रासायनिक रूप से जीव-रहित प्रक्रियाओं (Abiotic processes) से भी बन सकते हैं।
धूमकेतु की चमक में विलंबित वृद्धि
मिशन के वैज्ञानिकों ने बताया कि सूर्य के निकट पहुंचने के लगभग दो महीने बाद धूमकेतु की चमक में अचानक वृद्धि देखी गई। इसे सब्लिमेशन (Sublimation) की प्रक्रिया से जोड़ा गया, जिसमें बर्फ सीधे गैस में बदल जाती है। जैसे-जैसे सूर्य की गर्मी धूमकेतु की गहराई तक पहुंची, वहां की पुरानी बर्फें गैस बनकर बाहर निकलने लगीं, जिससे जलवाष्प, कार्बन डाइऑक्साइड और कार्बन मोनोऑक्साइड से भरपूर एक कोमा (coma) या गैसीय वातावरण बन गया।
अरबों साल पुराना पदार्थ उजागर
अवलोकनों के अनुसार, यह विलंबित गैस उत्सर्जन दर्शाता है कि धूमकेतु की सतह के भीतर गहराई में छिपी बर्फें अब पहली बार बाहर निकल रही हैं। वैज्ञानिकों को इसमें सोठ (soot), चट्टानी धूल और ठोस कणों के प्रमाण भी मिले, जो दर्शाते हैं कि 3I/ATLAS अपेक्षाकृत भारी और गहराई में छिपा पदार्थ उत्सर्जित कर रहा है — जो अक्सर सामान्य धूमकेतुओं में नहीं देखा जाता।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- SPHEREx अंतरिक्ष दूरबीन 102 अवरक्त तरंगदैर्घ्य (infrared wavelengths) में ब्रह्मांड का अध्ययन करती है।
- इंटरस्टेलर धूमकेतु वे होते हैं जो सौरमंडल के बाहर से आते हैं।
- Sublimation वह प्रक्रिया है जिसमें बर्फ सीधे गैस में बदल जाती है, बिना द्रव अवस्था में आए।
- अंतरिक्ष में जैविक अणु (जैसे मेथेन, सायनाइड) जीव-रहित प्रक्रियाओं से भी बन सकते हैं।
खोज की पृष्ठभूमि
SPHEREx मिशन को मार्च 2025 में नासा के जेट प्रोपल्शन लैब द्वारा लॉन्च किया गया था। इसका उद्देश्य पूरे आकाश का अवरक्त सर्वेक्षण करना और जीवन के रासायनिक घटकों की खोज करना है। 3I/ATLAS की खोज जुलाई 2025 में चिली स्थित ATLAS टेलीस्कोप द्वारा की गई थी, और इसकी अत्यधिक गति व कक्षा के आधार पर इसे इंटरस्टेलर घोषित किया गया।
यह खोज दर्शाती है कि आधुनिक अंतरिक्ष वेधशालाएं कैसे दूर-दराज के तारामंडलीय पदार्थों के संक्षिप्त आवागमन के दौरान उन्हें पकड़ कर महत्वपूर्ण वैज्ञानिक जानकारी जुटा सकती हैं।