दिल्ली में विश्व विजेता भारतीय नेत्रहीन महिला T20 क्रिकेट टीम का सम्मान, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने की सराहना
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मुख्यमंत्री जनसेवा सदन में भारतीय नेत्रहीन महिला T20 क्रिकेट टीम के विश्व कप जीत की ऐतिहासिक उपलब्धि का जश्न मनाया। इस आयोजन में खिलाड़ियों, कोचों और ब्लाइंड एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जिसमें साहस, समावेशिता और खेल उत्कृष्टता का संगम देखने को मिला।
साहस और आत्मविश्वास की प्रतीक बनीं खिलाड़ी
मुख्यमंत्री गुप्ता ने टीम की हिम्मत और आत्मविश्वास की सराहना करते हुए उन्हें शक्ति और प्रेरणा का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि देश की बेटियाँ असाधारण उपलब्धियाँ हासिल करने में सक्षम हैं। यह बातचीत सरकार की महिलाओं और दिव्यांगजनों को सशक्त बनाने की प्रतिबद्धता को भी दर्शाती है।
अपराजेय अभियान और निर्णायक फाइनल
भारतीय टीम, जिसकी कप्तान दीपिका टी. सी. और उपकप्तान गंगा एस. कदम थीं, पूरे टूर्नामेंट में अपराजेय रही। 23 नवंबर 2025 को कोलंबो में खेले गए फाइनल में भारत ने नेपाल को 114/5 पर रोककर 12.1 ओवर में लक्ष्य का पीछा करते हुए सात विकेट से जीत दर्ज की। इस प्रदर्शन में सटीक गेंदबाज़ी और आक्रामक बल्लेबाज़ी की झलक थी।
उत्कृष्ट प्रदर्शन और प्रेरणादायक यात्राएँ
फाइनल में फुला सारेन ने 27 गेंदों पर 44 रन बनाकर प्लेयर ऑफ द मैच का खिताब जीता। कप्तान दीपिका टी. सी. ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया, जिसमें ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 58 गेंदों पर 91 रन की पारी खास रही। कक्षा 10 की छात्रा करुणा पांगी कुमारी ने फाइनल में 42 रन बनाए, जबकि दुर्गा येवले की छोटे शहर से राष्ट्रीय मंच तक की यात्रा अनेक नवोदित खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बनी।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- भारत ने 23 नवंबर 2025 को कोलंबो में नेत्रहीन महिला T20 विश्व कप जीता।
- भारतीय टीम पूरे टूर्नामेंट में अपराजित रही।
- फुला सारेन को फाइनल में प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
- टीम की कप्तान दीपिका टी. सी. हैं।
व्यापक शासन परिप्रेक्ष्य में पहल
इससे पहले मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने छत्रसाल स्टेडियम में अपना प्रथम गणतंत्र दिवस संबोधन दिया, जिसमें स्वास्थ्य, परिवहन, शिक्षा, प्रदूषण नियंत्रण और व्यापार में सुगमता की उपलब्धियों को रेखांकित किया गया। उन्होंने दिल्ली को आर्थिक शक्ति केंद्र के रूप में पुनर्निर्माण की बात कही और नागरिकों से विकसित भारत की दिशा में विकसित दिल्ली के निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।
यह आयोजन न केवल खेल में महिला सशक्तिकरण की मिसाल बना, बल्कि दिल्ली सरकार की समावेशी और प्रेरणात्मक शासन नीति को भी स्पष्ट रूप से दर्शाता है।