आईकेडीआरसी अहमदाबाद ने रचा कीर्तिमान: सार्वजनिक क्षेत्र में एक वर्ष में 500 किडनी ट्रांसप्लांट

आईकेडीआरसी अहमदाबाद ने रचा कीर्तिमान: सार्वजनिक क्षेत्र में एक वर्ष में 500 किडनी ट्रांसप्लांट

अहमदाबाद सिविल मेडिकल कॉलेज के अंतर्गत संचालित किडनी रोग अनुसंधान एवं उपचार संस्थान (IKDRC-ITS) ने 2025 में एक ही वर्ष में 500 किडनी ट्रांसप्लांट कर एक राष्ट्रीय कीर्तिमान स्थापित किया है। यह उपलब्धि हासिल करने वाला देश का पहला सरकारी अस्पताल बनकर IKDRC ने सार्वजनिक स्वास्थ्य व्यवस्था में उत्कृष्टता का नया मानदंड स्थापित किया है।

सार्वजनिक स्वास्थ्य में राष्ट्रीय उपलब्धि

गुजरात सरकार के स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत आने वाला यह संस्थान अब भारत में किडनी ट्रांसप्लांट के लिए शीर्ष रैंकिंग वाला सार्वजनिक अस्पताल बन चुका है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, संस्थान ने 2024 के अंत तक लगभग 400 ट्रांसप्लांट किए थे, जबकि 2025 में 7 अक्टूबर तक ही 400 ट्रांसप्लांट पूरे हो चुके थे, और वर्ष के अंत तक यह संख्या 500 तक पहुँच गई।

पूरे भारत से रोगियों तक पहुँच

500 प्राप्तकर्ताओं में से 367 पुरुष और 133 महिलाएँ थीं। इनमें से 330 मरीज गुजरात से और 170 मरीज अन्य राज्यों से आए थे। यह दर्शाता है कि IKDRC की सेवा पहुँच और भरोसा राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित हो चुका है। यह संस्थान विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों को उन्नत और सुलभ इलाज प्रदान करने के लिए जाना जाता है।

विशेषज्ञता और तकनीकी क्षमताएँ

2025 में किए गए ट्रांसप्लांट्स में शामिल थे:

  • 157 कैडेवर ट्रांसप्लांट (मृत शरीर से अंग प्रत्यारोपण)
  • 90 स्वैप ट्रांसप्लांट (म्यूचुअल डोनर-रिसिपिएंट एक्सचेंज)
  • 49 बाल रोग ट्रांसप्लांट
  • 43 रोबोटिक किडनी ट्रांसप्लांट

ये सभी जटिल प्रक्रियाएँ उन्नत चिकित्सा तकनीक और विशेषज्ञ बहुविषयक टीमों की सहायता से की गईं, जो संस्थान की उच्च स्तरीय चिकित्सा क्षमता को दर्शाता है।

खबर से जुड़े जीके तथ्य

  • IKDRC-ITS भारत का प्रमुख सरकारी किडनी प्रत्यारोपण संस्थान है।
  • संस्थान ने 2025 में 500 ट्रांसप्लांट पूरे किए।
  • ट्रांसप्लांट्स में कैडेवर, स्वैप, बाल और रोबोटिक प्रक्रियाएँ शामिल थीं।
  • यह संस्थान गुजरात स्वास्थ्य विभाग के अधीन कार्य करता है।

समावेशी स्वास्थ्य सेवा और चौबीसों घंटे संचालन

IKDRC का मूल सिद्धांत है सुलभता और समावेशिता। कुल ट्रांसप्लांट्स में से 318 “आयुष्मान भारत” योजना के अंतर्गत किए गए। अन्य लाभार्थियों में स्कूल हेल्थ प्रोग्राम, SC-ST वर्ग, CAPF कर्मी और CGHS सदस्य शामिल हैं। संस्थान पूरे वर्ष, त्योहारों समेत, 24×7 सेवा प्रदान करता है।

मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और राज्य स्वास्थ्य विभाग के सतत सहयोग से यह संस्थान सार्वजनिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में उत्कृष्टता, समानता और मानवीय सेवा का सशक्त उदाहरण बन चुका है।

Originally written on January 1, 2026 and last modified on January 1, 2026.

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