अमेरिका में समाप्त हुआ इतिहास का सबसे लंबा सरकारी शटडाउन
अमेरिका में छह सप्ताह तक चली राजनीतिक गतिरोध की स्थिति आखिरकार समाप्त हो गई है, जिससे देश के इतिहास का सबसे लंबा सरकारी शटडाउन समाप्त हुआ। हालांकि संघीय फंडिंग बहाल कर दी गई है, लेकिन वॉशिंगटन में राहत का माहौल नहीं है। दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों को जनता की आलोचना का सामना करना पड़ रहा है और लाखों नागरिक अब भी इसके आर्थिक और सामाजिक प्रभाव झेल रहे हैं।
राजनीतिक गतिरोध और मांगों का टकराव
यह शटडाउन ‘अफोर्डेबल केयर एक्ट’ से जुड़े स्वास्थ्य सब्सिडी के मुद्दे पर शुरू हुआ। डेमोक्रेट्स चाहते थे कि स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम कम करने के लिए दी जाने वाली कर छूट को जारी रखा जाए, जबकि रिपब्लिकन पार्टी पहले फंडिंग बिल पारित करने पर अड़ी रही। किसी भी पक्ष ने पीछे हटने से इनकार किया, जिससे वार्ताएं ठप हो गईं। अंततः एक अस्थायी समझौते के बाद सरकार ने कामकाज पुनः शुरू किया, लेकिन राजनीतिक विभाजन और गहरा गया।
नेतृत्व संकट और आंतरिक मतभेद
इस संकट के दौरान दोनों दलों के नेताओं पर जबरदस्त दबाव बना रहा। डेमोक्रेट्स का मानना था कि सीनेट में आवश्यक वोट पाने के लिए द्विदलीय सहयोग जरूरी है, लेकिन उनके अंदरूनी मतभेदों ने उनकी स्थिति कमजोर कर दी। वहीं रिपब्लिकन पार्टी को प्रशासनिक नीतियों को लेकर आंतरिक असंतोष का सामना करना पड़ा, जिसके चलते राष्ट्रपति के दूसरे कार्यकाल में दो लाख से अधिक संघीय कर्मचारी अपनी नौकरियां छोड़ गए। दोनों दलों पर शासन से ज्यादा राजनीतिक लाभ को प्राथमिकता देने के आरोप लगे।
जनता की नाराज़गी और साझा ज़िम्मेदारी
जनमत सर्वेक्षणों से पता चला कि अधिकांश अमेरिकी दोनों दलों को इस शटडाउन के लिए जिम्मेदार मानते हैं। हालांकि, रिपब्लिकन पार्टी पर अपेक्षाकृत अधिक दोष डाला गया, परंतु डेमोक्रेट्स को भी जनता के रोष से छूट नहीं मिली। इस दौरान हुए चुनावों ने जनता के असंतोष को और स्पष्ट कर दिया, जिससे राजनीतिक नेतृत्व पर अविश्वास बढ़ा। सीनेट नियमों, विशेषकर ‘फिलिबस्टर’ समाप्त करने की मांगों ने भी दलगत तनाव को और बढ़ा दिया।
खबर से जुड़े जीके तथ्य
- यह शटडाउन कुल छह सप्ताह तक चला, जो अमेरिकी इतिहास का सबसे लंबा सरकारी शटडाउन है।
- कांग्रेसी बजट कार्यालय (CBO) के अनुसार, देश को लगभग 11 अरब डॉलर की आर्थिक क्षति हुई।
- विवाद का मुख्य कारण था स्वास्थ्य बीमा पर कर रियायतों का विस्तार।
- जनमत सर्वेक्षणों में अधिकांश अमेरिकियों ने दोनों प्रमुख दलों को जिम्मेदार ठहराया।
आर्थिक और सामाजिक प्रभाव
राष्ट्रीय स्तर पर इस शटडाउन से उत्पन्न आर्थिक क्षति कुछ समय में आंशिक रूप से सुधर सकती है, परंतु दीर्घकालिक नुकसान गंभीर है। हजारों संघीय कर्मचारियों को हफ्तों तक वेतन नहीं मिला, जिससे कई परिवार आर्थिक कठिनाइयों में फंस गए। हवाई अड्डों पर कर्मचारियों की कमी के कारण उड़ानें प्रभावित हुईं, और भोजन सहायता जैसी योजनाओं में भी रुकावट आई। विश्लेषकों के अनुसार, इस तरह की राजनीतिक अस्थिरता से न केवल घरेलू प्रशासन पर सवाल उठते हैं बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिका की नेतृत्व क्षमता पर भी भरोसा कमजोर होता है।